
Historical events of 14 February including Pulwama attack and global milestones – Shah Times
14 फरवरी का इतिहास: घटनाएं, जन्म और अहम मोड़14 फरवरी: विश्व इतिहास और भारत की प्रमुख तारीख
14 फरवरी केवल एक उत्सव की तारीख नहीं रही है। इतिहास में इस दिन भारत और दुनिया में कई अहम, सुखद और दुखद घटनाएं दर्ज हुई हैं।14 फरवरी के दिन इतिहास में युद्ध, वैज्ञानिक खोज, राजनीतिक बदलाव, आतंकी घटनाएं और सांस्कृतिक पड़ाव दर्ज हैं। भारत में यह तारीख पुलवामा हमले सहित कई महत्वपूर्ण घटनाओं से जुड़ी है।
📍New Delhi ✍️ Asif Khan
14 फरवरी की दर्ज घटनाएं: एक नजर इतिहास पर
14 फरवरी: एक तारीख, कई अर्थ
14 फरवरी का नाम आते ही आम तौर पर उत्सव और निजी आयोजनों की चर्चा होती है, लेकिन ऐतिहासिक रिकॉर्ड बताते हैं कि यह तारीख केवल सामाजिक आयोजनों तक सीमित नहीं रही। भारत और दुनिया के इतिहास में यह दिन राजनीतिक, सैन्य, वैज्ञानिक और सांस्कृतिक घटनाओं का साक्षी रहा है। कई घटनाएं ऐसी रहीं, जिन्होंने देशों की दिशा बदली, जबकि कुछ घटनाओं ने लंबे समय तक सामाजिक और अंतरराष्ट्रीय प्रभाव छोड़ा।
भारत के इतिहास में 14 फरवरी
भारत के इतिहास में 14 फरवरी अलग अलग संदर्भों में दर्ज है। मुगल काल से लेकर आधुनिक भारत तक, यह तारीख विभिन्न घटनाओं से जुड़ी रही। 1556 में मुगल सम्राट अकबर का जन्म इसी दिन हुआ था। अकबर बाद में मुगल सल्तनत के तीसरे शासक बने और उनके शासनकाल को प्रशासनिक सुधारों के लिए जाना गया।
आधुनिक भारत के इतिहास में 14 फरवरी 2019 को जम्मू कश्मीर के पुलवामा जिले में हुआ आतंकी हमला एक अहम और दुखद घटना के रूप में दर्ज है। इस हमले में केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल के काफिले को निशाना बनाया गया था। विस्फोट के कारण बड़ी संख्या में जवान शहीद हुए। इस घटना ने राष्ट्रीय सुरक्षा और आतंकवाद से जुड़े मुद्दों को एक बार फिर केंद्र में ला दिया।
पुलवामा हमला: घटना का विवरण
14 फरवरी 2019 को जम्मू श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुरक्षा बलों के काफिले पर आत्मघाती हमला हुआ। विस्फोटकों से भरे वाहन ने काफिले की बस को टक्कर मारी। इस हमले में कम से कम 39 जवानों की जान गई। बाद में इस हमले की जिम्मेदारी पाक आधारित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद ने ली थी।
यह हमला हाल के वर्षों में सुरक्षा बलों पर हुए सबसे घातक हमलों में गिना जाता है। घटना के बाद देश भर में शोक और श्रद्धांजलि सभाएं आयोजित की गईं।
दुनिया के इतिहास में 14 फरवरी
विश्व इतिहास में भी 14 फरवरी कई बड़ी घटनाओं का गवाह रहा है। मध्यकालीन यूरोप में 1349 में स्ट्रासबर्ग में बड़े पैमाने पर हिंसा की घटना दर्ज की गई। 1689 में इंग्लैंड की सत्ता में बड़ा राजनीतिक बदलाव हुआ, जब विलियम और मैरी को संयुक्त रूप से शासन सौंपा गया।
वैज्ञानिक और तकनीकी क्षेत्र में भी यह तारीख महत्वपूर्ण रही। 1876 में टेलीफोन के पेटेंट से जुड़ी प्रक्रिया शुरू हुई, जिसने आगे चलकर वैश्विक संचार व्यवस्था को पूरी तरह बदल दिया। 1946 में पहला इलेक्ट्रॉनिक कंप्यूटर आम उपयोग के लिए प्रस्तुत किया गया, जिसे कंप्यूटिंग इतिहास का अहम मोड़ माना जाता है।
आधुनिक तकनीक और 14 फरवरी
आधुनिक डिजिटल युग में 14 फरवरी 2005 को एक बड़ी शुरुआत हुई, जब वीडियो शेयरिंग प्लेटफॉर्म YouTube की स्थापना की गई। यह प्लेटफॉर्म बाद में सूचना, मनोरंजन और डिजिटल पत्रकारिता का एक प्रमुख माध्यम बना। आज यह वैश्विक स्तर पर अरबों उपयोगकर्ताओं तक पहुंच रखता है।
राजनीतिक और कूटनीतिक घटनाएं
20वीं सदी में 14 फरवरी को कई अंतरराष्ट्रीय समझौते और राजनीतिक घटनाएं दर्ज हुईं। 1950 में सोवियत संघ और चीन के बीच समझौते पर हस्ताक्षर हुए। 1960 में पाकिस्तान में सत्ता परिवर्तन से जुड़ी घटना इसी तारीख से जुड़ी है। 1971 में ईरान से जुड़े तेल समझौतों ने वैश्विक ऊर्जा बाजार को प्रभावित किया।
खेल और संस्कृति से जुड़ी घटनाएं
खेल जगत में भी 14 फरवरी को कई रिकॉर्ड और प्रतियोगिताएं दर्ज हुई हैं। ओलंपिक खेलों की शुरुआत, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट उपलब्धियां और टेनिस टूर्नामेंट से जुड़ी घटनाएं इसी दिन के इतिहास में शामिल हैं। सिनेमा और साहित्य के क्षेत्र में भी यह तारीख कई महत्वपूर्ण जन्म और पुरस्कारों से जुड़ी रही है।
14 फरवरी को जन्मे प्रमुख व्यक्ति
इतिहास के रिकॉर्ड के अनुसार 14 फरवरी को कई प्रसिद्ध व्यक्तित्वों का जन्म हुआ। मुगल साम्राज्य के संस्थापक बाबर का जन्म इसी दिन हुआ था। भारतीय सिनेमा की मशहूर अभिनेत्री मधुबाला का जन्म भी 14 फरवरी को दर्ज है। राजनीति के क्षेत्र में भारत की पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज का जन्म इसी तारीख से जुड़ा है।
इन व्यक्तित्वों ने अपने अपने क्षेत्रों में योगदान देकर इतिहास में अलग पहचान बनाई।
निधन और स्मृतियां
14 फरवरी को कई प्रसिद्ध व्यक्तियों के निधन की घटनाएं भी दर्ज हैं। साहित्य, राजनीति और प्रशासन से जुड़े नाम इस सूची में शामिल हैं। इन घटनाओं को ऐतिहासिक दस्तावेजों और अभिलेखों में दर्ज किया गया है।
इतिहास में दर्ज एक तारीख
कुल मिलाकर 14 फरवरी केवल एक सामाजिक या सांस्कृतिक तारीख नहीं है। यह दिन इतिहास के पन्नों में युद्ध, खोज, राजनीति, त्रासदी और उपलब्धियों के रूप में दर्ज है। भारत और दुनिया के लिए यह तारीख अलग अलग संदर्भों में महत्वपूर्ण रही है, और ऐतिहासिक रिकॉर्ड इसे एक बहुआयामी दिन के रूप में प्रस्तुत करते हैं।




