
Prime Minister Narendra Modi addressing public meetings in West Bengal and Assam during official visit. Shah Times
मोदी की रैलियां, विकास के दावे और सियासी सवाल
पश्चिम बंगाल और असम में हालिया जनसभाओं ने विकास, पहचान और शासन को लेकर नई बहस छेड़ दी है। सवाल सिर्फ परियोजनाओं का नहीं, सियासी दिशा का भी है।
📍 kolkata ✍️ Asif Khan
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को पश्चिम बंगाल के सिंगूर पहुंचे। यहां उन्होंने एक विशाल जनसभा को संबोधित किया। सभा में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। पीएम मोदी ने कहा कि पश्चिम बंगाल की जनता परिवर्तन चाहती है और लंबे समय से चल रही व्यवस्थाओं में बदलाव की अपेक्षा कर रही है।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार राज्य के विकास से जुड़े कई प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही है। सिंगूर में पीएम मोदी ने करीब 837 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया। इन परियोजनाओं में सड़क, रेल और अन्य आधारभूत ढांचे से जुड़े कार्य शामिल हैं।
विकास परियोजनाओं का विवरण
प्रधानमंत्री कार्यालय के अनुसार, इन परियोजनाओं का उद्देश्य कनेक्टिविटी को बेहतर बनाना और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर पैदा करना है। कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी ने रेल कनेक्टिविटी से जुड़ी योजनाओं का भी उल्लेख किया।
उन्होंने बताया कि पिछले 24 घंटों में पश्चिम बंगाल में कई रेल परियोजनाओं की शुरुआत की गई है। इनमें अमृत भारत एक्सप्रेस और पैसेंजर ट्रेनों को हरी झंडी दिखाना शामिल है।
केंद्र और राज्य योजनाओं का उल्लेख
पीएम मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि केंद्र सरकार की योजनाओं का लाभ आम लोगों तक पहुंचाना प्राथमिकता है। उन्होंने स्वास्थ्य, शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी योजनाओं का जिक्र किया।
उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र सरकार ने आयुष्मान भारत योजना के तहत गरीब परिवारों को स्वास्थ्य सुविधाएं देने का प्रावधान किया है। पीएम ने बताया कि कई राज्यों में यह योजना लागू की गई है।
सुरक्षा और प्रशासन से जुड़े मुद्दे
अपने भाषण के दौरान पीएम मोदी ने प्रशासनिक और सुरक्षा से जुड़े विषयों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था और सीमावर्ती क्षेत्रों की सुरक्षा पर केंद्र सरकार लगातार ध्यान दे रही है।
पीएम ने बताया कि सीमा पर फेंसिंग और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए केंद्र की ओर से राज्यों को पत्र भेजे गए हैं।
असम के कलियाबोर में कार्यक्रम
सिंगूर से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी असम के कलियाबोर पहुंचे थे। यहां उन्होंने काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर परियोजना की आधारशिला रखी। इस परियोजना की अनुमानित लागत करीब 6,957 करोड़ रुपये बताई गई है।
इस कॉरिडोर की लंबाई लगभग 90 किलोमीटर होगी। इसका उद्देश्य मानसून के दौरान वन्यजीवों की आवाजाही को सुरक्षित बनाना है।
काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर
प्रधानमंत्री ने कहा कि हर साल ब्रह्मपुत्र नदी का जलस्तर बढ़ने पर काजीरंगा क्षेत्र में वन्यजीव ऊंचे इलाकों की ओर जाते हैं। इस दौरान कई बार गैंडे और हाथी सड़कों के पास फंस जाते हैं।
उन्होंने बताया कि एलिवेटेड कॉरिडोर बनने से वन्यजीवों और यातायात दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी।
पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था
पीएम मोदी ने कहा कि काजीरंगा नेशनल पार्क में पर्यटकों की संख्या में पिछले कुछ वर्षों में बढ़ोतरी हुई है। इससे स्थानीय लोगों को रोजगार के नए अवसर मिले हैं।
उन्होंने गाइड्स, होटल व्यवसाय, हस्तशिल्प कलाकारों और ट्रैवल एजेंसियों की भूमिका का उल्लेख किया। पीएम ने कहा कि पर्यटन से स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलती है।
नॉर्थ ईस्ट के विकास पर जोर
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि नॉर्थ ईस्ट क्षेत्र के विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ वर्षों में रेल, सड़क और हवाई कनेक्टिविटी में सुधार किया गया है।
पीएम ने कहा कि एक समय यह क्षेत्र विकास की मुख्यधारा से दूर माना जाता था, लेकिन अब यहां बड़े स्तर पर निवेश और परियोजनाएं शुरू की गई हैं।
रेल परियोजनाओं की शुरुआत
असम दौरे के दौरान पीएम मोदी ने दो अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को वर्चुअली हरी झंडी दिखाई। इनमें डिब्रूगढ़-गोमती नगर और कामाख्या-रोहतक रूट शामिल हैं।
इसके अलावा, उन्होंने एक पैसेंजर ट्रेन को भी रवाना किया। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इन ट्रेनों से यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में सहभागिता
प्रधानमंत्री ने गुवाहाटी में आयोजित ‘बागुरुम्बा दोहोउ 2026’ कार्यक्रम में भी हिस्सा लिया। यह बोडो समुदाय का पारंपरिक सांस्कृतिक आयोजन है।
कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी ने कलाकारों का स्वागत किया और स्थानीय संस्कृति की सराहना की।
वन्यजीव संरक्षण पर बयान
पीएम मोदी ने कहा कि वन्यजीव संरक्षण केवल पर्यावरण की रक्षा नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के भविष्य से भी जुड़ा है। उन्होंने बताया कि काजीरंगा क्षेत्र में शिकार की घटनाओं में कमी आई है।
उन्होंने राज्य सरकार और स्थानीय लोगों के प्रयासों की सराहना की।
बंगाल में औद्योगिक और पोर्ट विकास
सिंगूर की जनसभा में पीएम मोदी ने कोलकाता पोर्ट के विकास का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि बीते वर्षों में पोर्ट की क्षमता बढ़ाई गई है और कनेक्टिविटी में सुधार हुआ है।
पीएम ने कहा कि पोर्ट आधारित परियोजनाओं से मैन्युफैक्चरिंग, ट्रेड और लॉजिस्टिक्स को बढ़ावा मिल सकता है।
शिक्षा और युवाओं से जुड़ी बातें
प्रधानमंत्री ने युवाओं और छात्रों से जुड़े मुद्दों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करना जरूरी है ताकि युवाओं को बेहतर अवसर मिल सकें।
उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार स्किल डेवलपमेंट और उच्च शिक्षा से जुड़ी योजनाओं पर काम कर रही है।
महिलाओं और किसानों का उल्लेख
पीएम मोदी ने कहा कि महिलाओं और किसानों के लिए कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। इनमें आर्थिक सहायता, बीमा और स्वरोजगार से जुड़े कार्यक्रम शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार का उद्देश्य सभी वर्गों तक विकास का लाभ पहुंचाना है।
कार्यक्रमों में सुरक्षा व्यवस्था
दोनों राज्यों में प्रधानमंत्री के कार्यक्रमों के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। स्थानीय प्रशासन और केंद्रीय एजेंसियों ने समन्वय के साथ व्यवस्था संभाली।
कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुए।
दौरे का समापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह दौरा पश्चिम बंगाल और असम में कई विकास परियोजनाओं की शुरुआत और जनसभाओं के साथ संपन्न हुआ। अधिकारियों के अनुसार, इन परियोजनाओं से क्षेत्रीय विकास को गति मिलने की उम्मीद है।






