यूपी के 4.60 लाख छात्रों को आज मिलेगी छात्रवृत्ति, ₹148 करोड़ से अधिक की राशि होगी ट्रांसफर
Mohammad Naved
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2026-10-03 11:30:24
उत्तर प्रदेश में 3 अक्टूबर 2026 को 4.60 लाख से अधिक विद्यार्थियों के लिए ₹148 करोड़ से ज्यादा की छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति राशि बैंक खातों में भेजी जाएगी।
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लखनऊ, उत्तर प्रदेश
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3 अक्टूबर 2026
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Mohd Naved
4.60 लाख से ज्यादा विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति
उत्तर प्रदेश में छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति से जुड़े 4.60 लाख से अधिक विद्यार्थियों के लिए 3 अक्टूबर 2026 को राशि अंतरण की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लखनऊ स्थित लोक भवन में आयोजित कार्यक्रम में ₹148 करोड़ से अधिक की राशि विद्यार्थियों के बैंक खातों में भेजने की प्रक्रिया का शुभारंभ करेंगे। उपलब्ध विवरण के अनुसार कार्यक्रम सुबह 10 बजे निर्धारित है।
यह राशि छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति के तहत पात्र विद्यार्थियों को दी जा रही है। भुगतान बैंक खातों के जरिए सीधे करने की व्यवस्था है। इस चरण में पिछड़ा वर्ग, अनुसूचित जाति, सामान्य वर्ग और अल्पसंख्यक वर्ग के विद्यार्थी शामिल हैं।
किस वर्ग के कितने विद्यार्थियों को लाभ
उपलब्ध सरकारी आंकड़ों के मुताबिक इस चरण में पिछड़ा वर्ग के 2,23,615 विद्यार्थियों के लिए ₹60.01 करोड़ निर्धारित हैं। अनुसूचित जाति के 1,59,959 विद्यार्थियों को ₹64.54 करोड़ की राशि दी जाएगी।
सामान्य वर्ग के 38,084 विद्यार्थियों के लिए ₹11.43 करोड़ और अल्पसंख्यक वर्ग के 38,901 विद्यार्थियों के लिए ₹12.06 करोड़ की राशि निर्धारित की गई है। इन आंकड़ों को जोड़ने पर लाभार्थियों की संख्या 4,60,559 होती है और कुल राशि ₹148 करोड़ से अधिक बैठती है।
छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति में फर्क
छात्रवृत्ति विद्यार्थियों की शिक्षा से जुड़े खर्च में आर्थिक सहायता देने की व्यवस्था है। वहीं शुल्क प्रतिपूर्ति के तहत पात्र विद्यार्थियों की निर्धारित फीस की राशि की भरपाई की जाती है।
इस भुगतान व्यवस्था का मकसद पात्र विद्यार्थियों तक सरकारी सहायता सीधे पहुंचाना है। इस चरण में राशि बैंक खातों के माध्यम से ट्रांसफर की जाएगी।
ऑटोमेशन पर सरकार का जोर
सरकार के अनुसार छात्रवृत्ति वितरण की प्रक्रिया को ऑटोमेशन से जोड़ा गया है। सरकारी पक्ष का दावा है कि इससे प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ी है और भुगतान को समयबद्ध तरीके से विद्यार्थियों तक पहुंचाने में मदद मिली है।
यहां यह स्पष्ट करना जरूरी है कि ऑटोमेशन से पारदर्शिता बढ़ने की बात सरकार का दावा है। इसके वास्तविक असर का स्वतंत्र मूल्यांकन इस रिपोर्ट में उपलब्ध नहीं है।
2025-26 में अब तक का बड़ा दायरा
उपलब्ध सरकारी आंकड़ों के अनुसार वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक 65.95 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति का लाभ दिया गया है। इस अवधि के लिए ₹4,793 करोड़ से अधिक की राशि का उल्लेख किया गया है।
इस आंकड़े से पता चलता है कि उत्तर प्रदेश में छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति कार्यक्रम का दायरा लाखों विद्यार्थियों तक फैला हुआ है। 3 अक्टूबर को होने वाला भुगतान इसी व्यापक वितरण व्यवस्था का एक चरण है।
विद्यार्थियों के लिए भुगतान की अहमियत
शिक्षा का खर्च कई परिवारों के लिए महत्वपूर्ण वित्तीय जिम्मेदारी होता है। छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति जैसी योजनाओं के जरिए पात्र विद्यार्थियों को पढ़ाई से जुड़े खर्च में सरकारी सहायता मिलती है।
इस चरण में सबसे अधिक लाभार्थी पिछड़ा वर्ग और अनुसूचित जाति श्रेणी से संबंधित हैं। हालांकि अलग-अलग वर्गों के लिए निर्धारित राशि और लाभार्थियों की संख्या अलग है।
बैंक खाते में राशि पहुंचने की प्रक्रिया
सरकार द्वारा घोषित व्यवस्था के तहत राशि सीधे लाभार्थी विद्यार्थियों के बैंक खातों में भेजी जाएगी। विद्यार्थियों के लिए भुगतान की स्थिति जानना भी महत्वपूर्ण है, खासकर ऐसे मामलों में जहां आवेदन स्वीकृत होने के बावजूद खाते में राशि दिखाई नहीं देती।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार भुगतान स्थिति संबंधित छात्रवृत्ति पोर्टल और सार्वजनिक वित्तीय प्रबंधन प्रणाली के माध्यम से देखी जा सकती है। इसके लिए आवेदन या बैंक खाते से संबंधित विवरण की जरूरत पड़ सकती है।
आगे क्या होगा
3 अक्टूबर के कार्यक्रम के बाद पात्र विद्यार्थियों के बैंक खातों में निर्धारित राशि पहुंचाने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। वास्तविक क्रेडिट का समय बैंकिंग प्रक्रिया और संबंधित भुगतान व्यवस्था पर निर्भर करेगा।
विद्यार्थियों को अपने बैंक खाते की स्थिति, आवेदन विवरण और भुगतान स्टेटस की जांच करनी चाहिए। किसी विसंगति की स्थिति में संबंधित छात्रवृत्ति विभाग या आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से जानकारी लेना अधिक उपयुक्त रहेगा।
उत्तर प्रदेश में 4.60 लाख से अधिक विद्यार्थियों के लिए ₹148 करोड़ से ज्यादा की छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति राशि का अंतरण 3 अक्टूबर 2026 को किया जा रहा है। अलग-अलग श्रेणियों के विद्यार्थियों के लिए राशि निर्धारित की गई है और भुगतान सीधे बैंक खातों के जरिए करने की व्यवस्था है।
सरकार ने वितरण प्रणाली में ऑटोमेशन और पारदर्शिता पर जोर दिया है। इस चरण का वास्तविक लाभ विद्यार्थियों को राशि उनके खातों में क्रेडिट होने के बाद मिलेगा। इसलिए पात्र छात्रों के लिए भुगतान स्टेटस और बैंक खाते की स्थिति की जांच महत्वपूर्ण रहेगी।
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Mohammad Naved
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक,
अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।