बंद नसों को खोलने का दावा कितना सही? जानिए अलसी के फायदे और सच्चाई
आजकल खराब खान-पान, शारीरिक गतिविधि की कमी, धूम्रपान, अधिक वजन और अन्य जोखिम कारकों के कारण हृदय तथा रक्त वाहिकाओं से जुड़ी समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है। ऐसे में खान-पान में ऐसे खाद्य पदार्थों को शामिल करने पर जोर दिया जाता है, जिनमें फाइबर और अन्य पोषक तत्व मौजूद हों। इन्हीं खाद्य पदार्थों में अलसी यानी फ्लैक्ससीड भी शामिल है। अलसी में अल्फा-लिनोलेनिक एसिड (एएलए), फाइबर और लिग्नान जैसे घटक पाए जाते हैं। हालांकि, इसे लेकर यह कहना कि अलसी “बंद नसों को खोल देती है”, वैज्ञानिक प्रमाणों से समर्थित दावा नहीं है।
अलसी में क्या खास होता है?
अलसी पौधों से मिलने वाले एएलए ओमेगा-3 फैटी एसिड का एक स्रोत है। इसके अलावा इसमें आहार फाइबर और लिग्नान पाए जाते हैं। इन पोषक तत्वों के कारण अलसी को संतुलित आहार में शामिल किए जाने वाले खाद्य पदार्थों में रखा जाता है।
क्या अलसी कोलेस्ट्रॉल कम करने में मदद कर सकती है?
कुछ शोधों में अलसी के सेवन और रक्त में मौजूद वसा के स्तर के बीच संभावित लाभ देखा गया है। 62 यादृच्छिक नियंत्रित परीक्षणों के एक मेटा-विश्लेषण में अलसी के सेवन से कुल कोलेस्ट्रॉल, ट्राइग्लिसराइड और एलडीएल यानी तथाकथित “खराब” कोलेस्ट्रॉल में औसत कमी देखी गई। हालांकि शोधकर्ताओं ने आगे बड़े और बेहतर डिजाइन वाले अध्ययनों की जरूरत भी बताई।
राष्ट्रीय पूरक एवं एकीकृत स्वास्थ्य केंद्र के अनुसार, कुछ अध्ययनों में पूरी अलसी और अलसी के लिग्नान से कोलेस्ट्रॉल कम होने की संभावना सामने आई है, जबकि अलसी के तेल के परिणाम अलग रहे हैं। कुल मिलाकर उपलब्ध शोधों के परिणाम पूरी तरह एक जैसे नहीं हैं।
क्या अलसी बंद नसों को खोल सकती है?
यहां सावधानी जरूरी है। धमनियों में जमा प्लाक या गंभीर रुकावट को केवल किसी एक खाद्य पदार्थ के सेवन से “खोलने” का प्रमाण उपलब्ध नहीं है। इसलिए अलसी को बंद नसों का इलाज बताना भ्रामक हो सकता है।
हां, यदि किसी व्यक्ति के लिए अलसी उसके संतुलित आहार का हिस्सा बनती है और इससे कोलेस्ट्रॉल जैसे कुछ जोखिम कारकों को नियंत्रित करने में मदद मिलती है, तो यह समग्र हृदय-स्वास्थ्य के लिए उपयोगी आहार विकल्प हो सकती है।
पाचन के लिए भी उपयोगी हो सकती है
अलसी में फाइबर मौजूद होता है, इसलिए इसे पर्याप्त पानी के साथ आहार में शामिल करना जरूरी है। अधिक मात्रा में सेवन करने पर कुछ लोगों को पेट फूलना, भारीपन या दस्त जैसी परेशानी हो सकती है।
अलसी को डाइट में कैसे शामिल करें?
अलसी को सामान्य भोजन का हिस्सा बनाया जा सकता है। उदाहरण के तौर पर इसे:
मात्रा व्यक्ति की उम्र, स्वास्थ्य और खान-पान पर निर्भर करती है। बहुत अधिक मात्रा लेने से पहले विशेषज्ञ से सलाह लेना बेहतर है।
किन लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए?
एनसीसीआईएच के अनुसार कच्ची या अधपकी अलसी का सेवन नहीं करना चाहिए। अधिक मात्रा में सेवन से पाचन संबंधी परेशानी हो सकती है। इसके अलावा कुछ दवाओं, विशेषकर रक्त को पतला करने वाली या प्लेटलेट पर असर डालने वाली दवाओं के साथ संभावित परस्पर प्रभाव की चिंता भी बताई गई है। इसलिए नियमित दवा लेने वाले लोगों को डॉक्टर या फार्मासिस्ट से सलाह लेकर ही इसका सेवन बढ़ाना चाहिए।
केवल अलसी पर निर्भर रहना सही नहीं
हृदय को स्वस्थ रखने के लिए किसी एक “सुपरफूड” पर निर्भर रहने के बजाय पूरे खान-पान और जीवनशैली पर ध्यान देना जरूरी है। उच्च कोलेस्ट्रॉल होने पर डॉक्टर जीवनशैली में बदलाव के साथ जरूरत पड़ने पर कोलेस्ट्रॉल कम करने वाली दवा भी दे सकते हैं। सप्लीमेंट या किसी खाद्य पदार्थ को निर्धारित उपचार का विकल्प नहीं बनाया जाना चाहिए।
निष्कर्ष
अलसी एक पोषक खाद्य पदार्थ है, लेकिन यह बंद नसों को खोलने की दवा नहीं है। उपलब्ध शोध इसके कुछ संभावित लाभ, खासकर कोलेस्ट्रॉल जैसे जोखिम कारकों पर, जरूर दिखाते हैं; लेकिन परिणाम हर अध्ययन में समान नहीं हैं। इसलिए इसे संतुलित आहार का हिस्सा माना जाना चाहिए, चमत्कारी उपचार नहीं।
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।