नई दिल्ली, नीलम सैनी (Shah Times)। संयुक्त राष्ट्र महासभा में शुक्रवार (10 मई) को फिलिस्तीन को यूएन (UN) का सदस्य बनाने के प्रस्ताव को लेकर चर्चा की गई। आपको बता दें कि ये प्रस्ताव अरब देशों की मांग पर लाया गया था। इसके बाद इस प्रस्ताव को लेकर 193 देशों ने वोट किए की फिलिस्तीन को यूएन का सदस्य होना चाहिए या नहीं।
जिसमें की 143 देशों ने फिलिस्तीन के समर्थन में अपना वोट दिया। इन देशों में भारत भी शामिल है। जबकि अमेरिका और इजराइल समेत 9 देशों ने इसके विरोध में वोटिंग की। वहीं 25 देशों ने कोई वोटिंग नहीं की।वोटिंग के बाद फिलीस्तीन यूएन (UN) का सदस्य नहीं बना है केवल सदस्य बनने के लिए अपना क्वालिफाई कर पाया है। इस प्रस्ताव पर 18 अप्रैल को भी वोटिंग की गई थी जिसमें की फिलिस्तीन को सदस्यत देने के प्रस्ताव पर अमेरिका ने वीटो लगा दिया था जिसके बाद फिलिस्तीन यूएन का परमानेंट मेंबर नहीं बन पाया था।
आपको बता दे की फिलिस्तीन की यूएन (UN) सदस्यता के प्रस्ताव पर चर्चा तब हुई है जब इजरायल और हमास के बीच युद्ध को चलते हुए सात महीने से ज्यादा का समय हो गया है। इस युद्ध में करीब 40 हजार लोग मारे जा चुके हैं। इस युद्ध के मद्देनजर इजरायल कब्जे वाले वेस्ट बैंक में अपनी बस्तियों का विस्तार कर रहा है, जिसको संयुक्त राष्ट्र अवैध माना जा रहा है।
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।