ब्रिटिश कपड़ा कंपनी M&S पर भीषण साइबर अटैक, जिससे 7 हजार करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। रैनसमवेयर से कंप्यूटर लॉक, आउटलेट बंद और ऑनलाइन सेवाएं बाधित।
लंदन (शाह टाइम्स) ब्रिटेन की जानी-मानी रिटेल और कपड़ा कंपनी मार्क्स एंड स्पेंसर (M&S) इन दिनों भीषण साइबर हमले की चपेट में है। रिपोर्ट्स के अनुसार, "स्कैटर्ड स्पाइडर" नामक हैकर समूह ने कंपनी के नेटवर्क पर हमला कर उसे लगभग पंगु बना दिया। इस साइबर अटैक में कंपनी के कंप्यूटर सिस्टम को ड्रैगनफोर्स नामक रैनसमवेयर से लॉक कर दिया गया, जिससे M&S को करीब 7 हजार करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है।
रैनसमवेयर हमले से सिस्टम जाम, आउटलेट्स और ऑनलाइन ऑर्डर प्रभावित
24 अप्रैल को हुए इस हमले के बाद से M&S के कई आउटलेट्स बंद कर दिए गए हैं और ऑनलाइन ऑर्डर लेने की प्रक्रिया ठप हो गई है। कंपनी के कंप्यूटर सिस्टम, विशेष रूप से VMware ESXi, पूरी तरह लॉक हो गए हैं। ग्राहकों को पेमेंट, गिफ्ट कार्ड रिडीम करने और ऑर्डर प्लेस करने में भारी समस्याओं का सामना करना पड़ा है।
फरवरी में भी हुआ था डेटा चोरी का मामला
यह पहला मामला नहीं है जब M&S साइबर हमले का शिकार बनी हो। फरवरी 2025 में भी कंपनी के सिस्टम में सेंध लगाई गई थी। उस दौरान हैकरों ने NTDS.dit नाम की फाइल चुराई थी, जो कि माइक्रोसॉफ्ट एक्टिव डायरेक्टरी की महत्वपूर्ण फाइल मानी जाती है। माना जा रहा है कि उसी डेटा का इस्तेमाल कर हैकर्स ने इस बार और बड़ा हमला किया।
7 हजार करोड़ रुपये का भारी वित्तीय नुकसान
द गार्जियन की रिपोर्ट के मुताबिक, साइबर हमले के चलते M&S को प्रतिदिन लगभग 3.8 मिलियन पाउंड की ऑनलाइन बिक्री में नुकसान हुआ है। हमले के चलते कंपनी की शेयर मार्केट वैल्यू में लगभग 600 मिलियन पाउंड यानी 7 हजार करोड़ रुपये की गिरावट दर्ज की गई है।
अब तक का सबसे बड़ा साइबर हमला!
M&S ने साइबर सिक्योरिटी फर्मों की मदद ली है, लेकिन अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि कंपनी के आउटलेट्स और ऑनलाइन सेवाएं पूरी तरह से बहाल हो पाई हैं या नहीं। माना जा रहा है कि यह किसी भी ब्रिटिश रिटेल कंपनी पर हुआ अब तक का सबसे बड़ा और सबसे संगठित साइबर हमला है।
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।