इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के संयुक्त राष्ट्र महासभा में दिए भाषण के बाद न्यूयॉर्क के मेयर ज़ोहरान ममदानी ने उन पर तीखा पलटवार किया है। 24 सितंबर को UN महासभा में भाषण के दौरान नेतन्याहू ने गाजा में इजरायल पर लगाए जा रहे नरसंहार के आरोपों को खारिज किया और ममदानी पर भी कई आरोप लगाए। इसके बाद ममदानी ने नेतन्याहू के बयानों को खारिज करते हुए उन पर गाजा में हुई तबाही को छिपाने की कोशिश का आरोप लगाया।
न्यूयॉर्क | 25 सितंबर 2026 By Mohd Haris
नेतन्याहू के भाषण के दौरान कई देशों के प्रतिनिधि सभा से बाहर चले गए। उन्होंने बाहर जा रहे प्रतिनिधियों को “मोरल काउर्ड्स” कहा और इजरायल की सैन्य कार्रवाइयों का बचाव किया। रिपोर्ट के अनुसार, वॉकआउट ने गाजा युद्ध को लेकर इजरायल और अंतरराष्ट्रीय समुदाय के बीच जारी कूटनीतिक तनाव को भी सामने रखा।
नेतन्याहू ने ममदानी पर साधा निशाना
नेतन्याहू ने अपने भाषण में ममदानी को सीधे संबोधित किया। उन्होंने न्यूयॉर्क के मेयर पर इजरायल के खिलाफ गलत जानकारी फैलाने और यहूदी समुदाय की सुरक्षा को लेकर चिंता पैदा करने का आरोप लगाया।
नेतन्याहू ने कहा कि ममदानी ने उन्हें संयुक्त राष्ट्र आने से रोकने की कोशिश की और उन्हें “सच्चाई” बोलने से नहीं रोक सकते। उन्होंने इजरायल पर नरसंहार के आरोपों को भी खारिज करते हुए कहा कि इजरायल ने नरसंहार नहीं किया, बल्कि उसे रोकने के लिए कार्रवाई की।
ममदानी ने इन आरोपों का जवाब देते हुए नेतन्याहू के बयानों को निराधार बताया। उनके जवाब में गाजा में इजरायल की सैन्य कार्रवाई और उससे जुड़े नरसंहार के आरोप प्रमुख मुद्दे रहे। ममदानी पहले भी नेतन्याहू और गाजा युद्ध को लेकर सार्वजनिक रूप से आलोचनात्मक रुख अपना चुके हैं।
UN में नेतन्याहू ने दिखाया पेजर
नेतन्याहू के भाषण का एक प्रमुख दृश्य तब सामने आया जब उन्होंने मंच पर एक पेजर उठाया। उन्होंने इसे सितंबर 2024 में लेबनान में हिज़्बुल्लाह के सदस्यों को निशाना बनाने वाले पेजर हमलों के संदर्भ में इस्तेमाल किया।
नेतन्याहू ने हिज़्बुल्लाह के खिलाफ इजरायल की कार्रवाई का जिक्र करते हुए पूछा, “क्या आपको पेजर याद हैं?” इस प्रदर्शन के जरिए उन्होंने इजरायल की सैन्य और तकनीकी क्षमताओं का उल्लेख किया।
सितंबर 2024 में लेबनान और सीरिया में हिज़्बुल्लाह से जुड़े हजारों पेजर फटने की घटना हुई थी। इस घटना में लोगों की मौत हुई और हजारों लोग घायल हुए थे। नेतन्याहू ने अपने भाषण में इसे हिज़्बुल्लाह के खिलाफ इजरायल की कार्रवाई के उदाहरण के तौर पर पेश किया।
गाजा को लेकर आरोपों पर आमने-सामने
UN महासभा में नेतन्याहू ने गाजा में इजरायल पर लगाए जा रहे नरसंहार के आरोपों को “सदी का सबसे बड़ा झूठ” बताया। इजरायल लंबे समय से इन आरोपों को खारिज करता रहा है और अपनी सैन्य कार्रवाई को हमास के खिलाफ अभियान के रूप में प्रस्तुत करता है।
दूसरी ओर, ममदानी ने नेतन्याहू के बयान को स्वीकार नहीं किया और गाजा में इजरायल की कार्रवाई को लेकर अपनी आलोचना दोहराई। दोनों के बीच यह टकराव संयुक्त राष्ट्र महासभा में इजरायल-गाजा युद्ध को लेकर जारी अंतरराष्ट्रीय विवाद की पृष्ठभूमि में सामने आया है।
भाषण के दौरान प्रतिनिधियों का वॉकआउट
नेतन्याहू के मंच पर पहुंचते ही कई प्रतिनिधि सभा से बाहर चले गए। अन्य रिपोर्टों के अनुसार, यह वॉकआउट गाजा युद्ध और इजरायल की सैन्य कार्रवाई को लेकर विरोध का संकेत था। नेतन्याहू ने वॉकआउट करने वाले प्रतिनिधियों की आलोचना की और अपने भाषण में इजरायल की कार्रवाई का बचाव जारी रखा।
ममदानी और नेतन्याहू के बीच विवाद पहले से जारी है। संयुक्त राष्ट्र महासभा से पहले नेतन्याहू ने कहा था कि वह UN के मंच से इजरायल की सैन्य कार्रवाई का बचाव करेंगे और ममदानी की आलोचनाओं का जवाब देंगे।
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।