शहजादी खान आगरा के एक दंपत्ति के यहां अबूधाबी में काम करती थी। शहजादी को उनके बच्चे की मौत के बाद हत्या का दोषी पाया गया।
आगरा (शाह टाइम्स) भारतीय महिला शहजादी खान को 15 फरवरी को संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) की राजधानी अबूधाबी में 4 महीने के बच्चे की हत्या के आरोप में फांसी पर लटका दिया गया। शहजादी खान यूपी के बांदा जिले की रहने वाली थी और उसका आगरा से गहरा नाता था।
दरअसल, शहजादी खान आगरा के ताजगंज के एक दंपत्ति के यहां अबूधाबी में काम करती थी। लेकिन, दंपत्ति के बच्चे की मौत के बाद शहजादी को हत्या का दोषी पाया गया। शहजादी के पिता शब्बीर खान ने फेसबुक फ्रेंड आगरा के जूता कारोबारी समेत 3 लोगों के खिलाफ दुबई में अपनी बेटी को बेचने का मामला बांदा में दर्ज कराया था।
भेजा था नौकरी के लिए
बता दें कि ताजगंज निवासी फैज 10 साल पहले अपनी पत्नी नादिया के साथ अबूधाबी गए थे। फैज वहां एक कंपनी में काम करते हैं। जबकि, नादिया वहां एक यूनिवर्सिटी में प्रोफेसर हैं। नादिया का मायका आगरा के तोपखाना नाई की मंडी में है। तोपखाना निवासी जूता कारोबारी उजैर ने बांदा की शहजादी खान को चाचा फैज और मौसी नादिया के पास नौकरी के लिए भेजा था फेसबुक के जरिए उजैर के संपर्क में आई शहजादीः नाई की मंडी थाना क्षेत्र के तोपखाना निवासी जूता कारोबारी उजैर की कोरोना काल में फेसबुक के जरिए बांदा की शहजादी खान से मुलाकात हुई। दोनों की बातचीत हुई। शहजादी खान ने उजैर को बचपन में जल जाने की जानकारी दी। जिस पर उजैर ने उसे इलाज और मदद के लिए आगरा आने का भरोसा दिया।
कब गई थी अबू धाबी
बांदा से आगरा में शहजादी खान की मुलाकात उजैर से हुई। शहजादी ने जब उजैर से अपनी आर्थिक स्थिति, नौकरी से लेकर चेहरे की प्लास्टिक सर्जरी कराने की बात कही तो उजैर ने दिसंबर 2021 में शहजादी खान को अबू धाबी में अपनी मौसी नादिया और चाचा फैज के पास भेज दिया। अब शहजादी खान की फांसी के बाद उजैर और उसका परिवार कुछ नहीं बोल रहा है। उजैर का कहना है कि शहजादी खान के पिता ने बांदा में दबाव बनाने के लिए मेरे साथ-साथ मौसी और चाचा पर भी केस दर्ज करा दिया था।
कब की गई गिरफ्तार
अगस्त 2022 में नादिया ने बेटे को जन्म दिया। शहजादी खान उसकी देखभाल करने लगी। 7 दिसंबर 2022 को नादिया के 4 महीने के बेटे की मौत हो गई। इसके बाद अबू धाबी पुलिस ने बच्चे की मौत के मामले में 10 फरवरी 2023 को शहजादी खान को गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में ही उसे 31 जुलाई 2023 को फांसी की सजा सुनाई गई थी। बेटी को फांसी की सजा सुनाए जाने के बाद पिता शब्बीर ने आगरा के उजैर और उसकी मौसी-चाचा पर गंभीर आरोप लगाए थे। क्योंकि, बच्ची की मौत के बाद एक वीडियो के आधार पर शहजादी खान को गिरफ्तार किया गया था।
आगरा पुलिस से की थी शिकायत
बेटी शहजादी खान को फांसी की सजा सुनाए जाने के बाद पिता शब्बीर खान ने आगरा के नाई की मंडी थाना क्षेत्र के तोपखाना निवासी जूता कारोबारी उजैर, उसकी मौसी नादिया और चाचा फैज के खिलाफ आगरा पुलिस से शिकायत की थी। जिस पर कोई कार्रवाई नहीं होने पर शब्बीर खान ने बांदा में कोर्ट की शरण ली थी
पुलिस कर रही है जांच
बांदा में कोर्ट के आदेश पर उजैर, फैज और नादिया के खिलाफ केस दर्ज हुआ था। इस मामले में उजैर ने पुलिस को अपने पक्ष में साक्ष्य दिए थे। जिसमें उजैर ने पुलिस को बताया था कि मैं शहजादी को अपनी बहन मानता हूं। नौकरी दिलाने का मकसद शहजादी की आर्थिक मदद करना था। हम पर दबाव बनाने के लिए ही बांदा में मुकदमा दर्ज कराया गया है। पुलिस इसकी जांच कर रही है।
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।