कोच्चि में 28 अक्टूबर को डब्ल्यूपीएल नीलामी, खिलाड़ियों की सूची जारी
डब्ल्यूपीएल नीलामी में टीमों की रणनीति अहम, सीमित जगहों पर मुकाबला
किसे मिलेगा अनुबंध? डब्ल्यूपीएल की नीलामी से पहले जानिए पूरा कार्यक्रम
डब्ल्यूपीएल 2027 के लिए नीलामी 28 अक्टूबर 2026 को कोच्चि में होगी। आधिकारिक सूची में 146 खिलाड़ी हैं और 27 जगहें उपलब्ध हैं। फ्रेंचाइज़ियां टीम की ज़रूरत के मुताबिक बोली लगाएंगी।
📍 कोच्चि, केरल | 🗓️ 20 अक्टूबर 2026 | ✍️हिमानी पंवार
नीलामी की आधिकारिक तैयारी
बीसीसीआई की ओर से जारी कार्यक्रम के मुताबिक, डब्ल्यूपीएल की आगामी खिलाड़ी नीलामी ग्रैंड हयात कोच्चि में आयोजित होगी। इसका उद्देश्य अगले सीज़न से पहले फ्रेंचाइज़ियों को अपने दल पूरे करने का अवसर देना है।
आधिकारिक सूची में 119 भारतीय और 27 विदेशी खिलाड़ी शामिल हैं। उपलब्ध जगहों में 20 भारतीय तथा 7 विदेशी खिलाड़ियों के लिए हैं। नीलामी शाम 5:30 बजे शुरू करने का कार्यक्रम है।
सूची का श्रेणीवार ब्योरा
खिलाड़ी
भारतीय कैप्ड
22
भारतीय अनकैप्ड
97
विदेशी कैप्ड
14
विदेशी अनकैप्ड
13
कुल
146
कैप्ड श्रेणी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेल चुके खिलाड़ियों से संबंधित है। अनकैप्ड का अर्थ अनुभवहीन होना नहीं है, ऐसी खिलाड़ी घरेलू क्रिकेट में पर्याप्त अनुभव रख सकती हैं।
बेस प्राइस और अंतिम बोली अलग
सूची में सोफिया डंकली और सोफी मोलिन्यू ने ₹50 लाख का बेस प्राइस रखा है। बेस प्राइस बोली की शुरुआती रकम है। इसे अंतिम बिक्री मूल्य या सुनिश्चित अनुबंध नहीं माना जाना चाहिए।
मुख्य जानकारी डब्ल्यूपीएल की आधिकारिक वेबसाइट पर प्रकाशित बीसीसीआई मीडिया एडवाइज़री से ली गई है। इसमें खिलाड़ियों की सूची और नीलामी कार्यक्रम घोषित किया गया है। किसी खिलाड़ी या फ्रेंचाइज़ी का नया प्रत्यक्ष उद्धरण नहीं जोड़ा गया है।
टीमों के सामने संयोजन की चुनौती
नीलामी में केवल बड़े नाम चुनना पर्याप्त नहीं होता। बल्लेबाज़ी क्रम, विकेटकीपिंग, तेज़ गेंदबाज़ी और स्पिन जैसे विभागों की ज़रूरतें फैसलों को प्रभावित करती हैं।
यह रणनीतिक संदर्भ है। किसी खास फ्रेंचाइज़ी की अंदरूनी योजना या किसी खिलाड़ी में उसकी दिलचस्पी की पुष्टि नहीं मिली है।
बीसीसीआई की पूर्व घोषणा के मुताबिक, अगला संस्करण 14 जनवरी से 7 फरवरी 2027 के बीच खेला जाना है। नीलामी उससे पहले टीम निर्माण का अहम चरण होगी।
आगे क्या
नीलामी में बोली लगने के बाद खिलाड़ियों के अनुबंध और टीमों के अंतिम संयोजन स्पष्ट होंगे। तब तक सबसे महंगी खिलाड़ी, संभावित रिकॉर्ड या किसी नाम की निश्चित खरीद संबंधी दावे अनुमान होंगे।
आधिकारिक कार्यक्रम और सूची जारी होने के बाद अब ध्यान फ्रेंचाइज़ियों की चयन रणनीति पर है। वास्तविक नतीजे नीलामी के बाद ही सामने आएंगे।
सीमित जगहों के कारण प्रतिभा के साथ टीम की ज़रूरत भी निर्णायक होगी। अनसोल्ड रहना किसी खिलाड़ी की क्षमता पर अंतिम फैसला नहीं है। इसी तरह ऊंची बोली अगले सीज़न में बेहतर प्रदर्शन की गारंटी नहीं होती।