उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री ने अग्निशमन सेवा सप्ताह में भव्य योजनाओं की घोषणा की, पदक विजेताओं को सम्मानित किया
उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अग्निशमन सेवा सप्ताह के अवसर पर नए फायर स्टेशन, प्रशिक्षण केंद्र और आधुनिक उपकरणों की घोषणा की। फायर सर्विस के कर्मियों को सम्मानित किया गया।
देहरादून,(Shah Times) । उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज देहरादून में आयोजित अग्निशमन सेवा सप्ताह के कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने फायर सर्विस कर्मियों की उपलब्धियों को सराहते हुए विभिन्न योजनाओं की घोषणा की और उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कर्मियों को सम्मानित किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने तृतीय ऑल इंडिया फायर सर्विस गेम्स में पदक जीतने वाले 7 अग्निशमन कर्मियों को सम्मानित किया। इसके अलावा, गृह मंत्रालय, भारत सरकार के डीजीएफएस डिस्क मेडल विजेता 2 कर्मियों को भी सम्मानित किया गया। ये कर्मचारी न केवल उत्तराखण्ड के बल्कि पूरे देश के लिए गौरवशाली हैं।
मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड फायर सर्विस में शामिल 20 नए फायर टेंडरों और अग्निशमन वाहनों को जन-जागरूकता के उद्देश्य से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इन नए वाहनों के माध्यम से राज्य में आपात सेवाओं की पहुंच और दक्षता में वृद्धि होगी।






मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि राज्य में भीमताल, द्वाराहाट, गौचर, पुरोला और सहस्त्रधारा में जल्द ही नए फायर स्टेशन खोले जाएंगे। इसके अलावा, उत्तराखण्ड में विश्व स्तरीय फायर सर्विस प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना की जाएगी। यह प्रशिक्षण केंद्र अग्निशमन कर्मियों को आधुनिक तकनीकों और प्रशिक्षण से लैस करने में मदद करेगा।
प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ में ड्यूटी पर रहकर अपना कर्तव्य निभाने वाले उत्तराखण्ड फायर सर्विस के सभी कर्मियों को ₹10,000 की प्रोत्साहन राशि प्रदान करने की घोषणा भी की गई।
मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड अग्निशमन एवं आपात सेवा के जवानों की उपलब्धियों को सराहते हुए कहा कि उत्तराखण्ड बनने के बाद से अब तक ये कर्मियों ₹53 हजार करोड़ से अधिक की संपत्तियों को आग से बचाने में सफल रहे हैं। इसके साथ ही 27 हजार से अधिक मनुष्यों और लगभग 7 हजार पशुओं का जीवन बचाया गया है।
उत्तराखण्ड अग्निशमन सेवा में अब महिलाएं भी अपना योगदान दे रही हैं। मुख्यमंत्री ने इसे एक गौरवशाली कदम कहा और उनके योगदान की सराहना की।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार ने अग्निशमन एवं आपात सेवा के लिए बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए कई योजनाएं शुरू की हैं। केंद्र सरकार ने इस क्षेत्र में ₹71 करोड़ की धनराशि स्वीकृत की है। वर्तमान में 18 नए फायर स्टेशनों का निर्माण चल रहा है और फायर इमरजेंसी से निपटने के लिए विश्व स्तरीय उपकरणों की खरीदी भी जारी है।
गैरसैण में फायर स्टेशन के निर्माण के साथ ही 78 से अधिक आवासों का निर्माण भी किया जा रहा है। इसके अलावा, हरिद्वार के बहादराबाद में एक नए फायर स्टेशन को स्वीकृति दी गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की भौगोलिक परिस्थितियों के अनुसार फायर स्टेशनों की मैपिंग की जा रही है, जिससे दूरस्थ क्षेत्रों में भी आपात सेवाएं उपलब्ध होंगी।
प्राकृतिक आपदाओं के दौरान अग्निशमन सेवा की भूमिका और महत्वपूर्ण हो जाती है। मुख्यमंत्री ने बीते वर्ष केदारनाथ, टनकपुर, खटीमा, अराकोट और रैणी में आई आपदाओं में फायर सर्विस के कर्मचारियों के लगन और समर्पण की प्रशंसा की।
इस अवसर पर मेयर श्री सौरभ थपलियाल, सचिव गृह शैलेश बगौली, डीजीपी दीपम सेठ, उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. रवि दत्त गोदियाल, अध्यक्ष बाल संरक्षण आयोग डॉ. गीता खन्ना, सचिव श्री विनोद कुमार सुमन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।