
Chief Minister Yogi Adityanath addressing the UP Assembly during debate on codeine syrup issue – Shah Times
विधानसभा में कोडीन सिरप तस्करी पर सीएम योगी के आरोप
📍Lucknow✍️ Asif Khan
यूपी विधानसभा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोडीन युक्त सिरप तस्करी और राष्ट्रीय प्रतीकों से जुड़े मुद्दों पर विपक्ष को घेरा।
उन्होंने दस्तावेज़ और तस्वीरें पेश कर आरोपियों के राजनीतिक संबंधों का दावा किया।
विधानसभा में कोडीन सिरप मुद्दे पर चर्चा
उत्तर प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोडीन युक्त कफ सिरप के अवैध कारोबार का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल कानून-व्यवस्था से नहीं, बल्कि सार्वजनिक स्वास्थ्य और सुरक्षा से भी जुड़ा है। मुख्यमंत्री ने सदन को बताया कि राज्य पुलिस और एसटीएफ ने जांच के दौरान एक हजार से अधिक नमूने एकत्र किए हैं और कई जिलों में छापेमारी की गई है।
आरोपियों के राजनीतिक संबंधों का दावा
मुख्यमंत्री ने सदन में कुछ आरोपियों की तस्वीरें और दस्तावेज़ दिखाते हुए दावा किया कि कोडीन सिरप के इलीगल डायवर्जन में शामिल मुख्य लोगों के राजनीतिक संबंध रहे हैं। उन्होंने कहा कि अमित यादव, शुभम जायसवाल, मनोज यादव, राजीव यादव और मुकेश यादव जैसे नाम जांच में सामने आए हैं। मुख्यमंत्री के अनुसार, इन लोगों ने फर्जी फर्म बनाकर अवैध कारोबार किया।
लाइसेंस और जांच का विवरण
मुख्यमंत्री योगी ने बताया कि जिन होलसेलरों और स्टॉकिस्टों पर कार्रवाई हो रही है, उन्हें लाइसेंस पूर्ववर्ती सरकार के कार्यकाल में जारी हुए थे। उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार ने लाइसेंस प्रक्रिया की समीक्षा की और नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई शुरू की। एफएसडीए की टीम लगातार नकली और अवैध दवाइयों के खिलाफ अभियान चला रही है।
सदन में चेतावनी और कार्रवाई का संकेत
मुख्यमंत्री ने कहा कि जो भी अपराधी होगा, उसके खिलाफ कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच में किसी भी स्तर पर ढिलाई नहीं बरती जाएगी। मुख्यमंत्री के अनुसार, अब तक 79 मामले दर्ज किए गए हैं, 78 गिरफ्तारियां हुई हैं और 134 फर्मों पर छापेमारी की गई है।
विपक्ष के सवाल और सदन का माहौल
सपा विधायक अतुल प्रधान ने सदन में इस मुद्दे को उठाते हुए सरकार से कार्रवाई पर सवाल किया। उन्होंने एक तस्वीर दिखाकर आरोप लगाए, जिस पर सदन में बहस तेज हो गई। मुख्यमंत्री ने इन आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि जांच एजेंसियां तथ्यों के आधार पर काम कर रही हैं।
कोडीन सिरप और स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी
मुख्यमंत्री ने सदन को बताया कि उत्तर प्रदेश में कोडीन सिरप का निर्माण नहीं होता, यहां केवल स्टॉकिस्ट और होलसेलर हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कोडीन सिरप से किसी भी मौत की पुष्टि नहीं हुई है। अन्य राज्यों में दर्ज मौतों का संबंध वहां निर्मित सिरप से बताया गया है।
राष्ट्रीय प्रतीकों पर ऐतिहासिक संदर्भ
सदन में चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय गीत से जुड़े ऐतिहासिक घटनाक्रम का उल्लेख किया। उन्होंने 1937 के निर्णयों का हवाला देते हुए कहा कि उस समय कुछ अंश हटाने का फैसला लिया गया था। मुख्यमंत्री ने इसे इतिहास का तथ्य बताते हुए सदन के रिकॉर्ड में रखा।
कांग्रेस पर लगाए गए आरोप
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कांग्रेस ने इतिहास में कुछ ऐसे फैसले लिए, जिनका उल्लेख आज भी किया जाता है। उन्होंने कहा कि यह जानकारी दस्तावेज़ों और पत्राचार के आधार पर सामने आई है। मुख्यमंत्री ने सदन में इन दस्तावेज़ों का उल्लेख किया।
नेता प्रतिपक्ष की आपत्ति
मुख्यमंत्री के बयान के दौरान नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे ने कुछ शब्दों पर आपत्ति जताई। विधानसभा अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि किसी का नाम नहीं लिया गया है। संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना ने भी कहा कि बयान सामान्य संदर्भ में दिया गया है।
सदन से वॉकआउट
बहस के दौरान माहौल गरमाने पर समाजवादी पार्टी के सदस्यों ने सदन से वॉकआउट किया। इसके बाद कार्यवाही कुछ समय के लिए बाधित रही।
आगे की कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने कहा कि एसटीएफ और अन्य एजेंसियां जांच जारी रखेंगी। उन्होंने बताया कि अवैध सप्लाई उन क्षेत्रों में की गई, जहां नशा निषेध लागू है। सरकार के अनुसार, जांच पूरी होने के बाद कानूनी प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी।






