
भारत पर 52 रन की बड़ी जीत, साउथ अफ्रीका ने सीरीज बराबर की
न्यू चंडीगढ़ में भारत की हार, सीरीज 1-1 की बराबरी पर
📍New Chandigarh ✍️ Sandeep Sharma
न्यू चंडीगढ़ में खेले गए दूसरे टी20 में भारत 52 रन से हार गया।
साउथ अफ्रीका ने 213/4 का स्कोर बनाया, जवाब में भारत 162 पर सिमटा।
सीरीज अब 1-1 की बराबरी पर पहुँच गई है।
■ मैच का पूरा हाल
न्यू चंडीगढ़ के महाराजा यादवेंद्र सिंह स्टेडियम में खेले गए दूसरे टी20 इंटरनैशनल मुकाबले में साउथ अफ्रीका ने भारत पर एकतरफ़ा जीत दर्ज करते हुए सीरीज को 1-1 की बराबरी पर ला दिया। इस मुकाबले में मेजबान टीम ने हर विभाग में बेहतर प्रदर्शन दिखाया, जबकि भारतीय टीम दबाव में लगातार लड़खड़ाती रही। मैच की शुरुआत से लेकर आख़िर तक साउथ अफ्रीका की टीम ने रनरेट, स्ट्राइकरेट और पावर हिटिंग में अपनी बढ़त बनाए रखी, जिसकी बदौलत उन्होंने 52 रन के फ़ासले से मैच अपने नाम किया।
■ साउथ अफ्रीका की धुआँधार बल्लेबाज़ी
पहले बल्लेबाज़ी करते हुए साउथ अफ्रीका ने तेज़ शुरुआत की। मैदान पर मौजूद दर्शकों ने पावरप्ले ओवर्स में चौकों-छक्कों की जो बारिश देखी, उसने मैच का रुख शुरू में ही स्पष्ट कर दिया था। ओपनर क्विंटन डे कॉक ने अपना अनुभव और स्ट्राइकिंग एबिलिटी दोनों का शानदार इस्तेमाल किया। उन्होंने 46 गेंदों पर 90 रन बनाए, जिसमें कई ज़बरदस्त शॉट्स शामिल थे। उनकी बैटिंग में इंग्लिश-स्टाइल अटैकिंग एप्रोच और उर्दू अंदाज़ की ठहराव वाली शायरी जैसा तालमेल नज़र आया। डे कॉक की इनिंग ने प्रोटियाज़ टीम को वह प्लेटफ़ॉर्म दिया जिसकी मदद से 20 ओवर में टीम ने 213/4 का मज़बूत स्कोर खड़ा किया।


उनके साथ बैटिंग लाइनअप के दूसरे खिलाड़ियों ने भी सधी हुई पारियाँ खेलीं। मिडल ऑर्डर ने रनरेट को लगातार बेहतर रखा। भारतीय गेंदबाज़ों को बीच-बीच में विकेट मिले, मगर रनगति पर अंकुश नहीं लग पाया। हर ओवर में 8 से 10 रन आते रहे। फील्ड placements इंग्लिश पैटर्न के मुताबिक बदले गए, लेकिन साउथ अफ्रीका की स्ट्राइकिंग और टाइमिंग इतनी बेहतर थी कि उसका असर कम ही दिखा।
■ भारत की शुरुआत रही कमजोर
214 रन के बड़े लक्ष्य का पीछा शुरू से ही भारत के लिए मुश्किल साबित हुआ। पावरप्ले में भारतीय टॉप-ऑर्डर लगातार दबाव में नज़र आया। कुछ शॉट्स टाइम नहीं हुए, कुछ पर फील्डिंग ने रोक लगा दी। साउथ अफ्रीका की बॉलिंग लाइनअप ने लाइन-लेंथ को उर्दू अंदाज़ की तरह बारीक रखा और हर विकेट को तरतीब से हासिल किया।
कप्तान ने कुछ इंग्लिश-प्लानिंग मूव्स लागू किए, लेकिन साउथ अफ्रीका के तेज़ गेंदबाज़ों और स्पिनर्स की मिली-जुली रणनीति ने भारतीय बल्लेबाज़ों को संभलने का कम मौका दिया। भारत का टॉप-ऑर्डर क्रमश: अंतराल पर टूटता गया, जिससे रनचेज़ के दौरान जरूरी पार्टनरशिप बन ही नहीं सकीं।
■ तिलक वर्मा की शानदार लेकिन बेअसर पारी
भारत के लिए एकमात्र लंबी और संभली हुई पारी तिलक वर्मा ने खेली। उन्होंने 63 रन बनाए और अपनी बैटिंग में उर्दू-शायरी की नफ़ासत और इंग्लिश शॉट-सिलेक्शन की क्लैरिटी दोनों दिखाईं। तिलक की पारी ने भारतीय दर्शकों में उम्मीद जगाई थी, लेकिन दूसरे छोर से लगातार विकेट गिरते रहे। मिडल ऑर्डर और लोअर मिडल ऑर्डर रनगति के दबाव में टिक नहीं पाए और टीम 19.1 ओवर में 162 रन पर ऑल आउट हो गई।
तिलक की इनिंग के दौरान कुछ ओवर ऐसे थे जब रनरेट मैच की मांग के अनुसार बढ़ता दिखा, लेकिन साझेदारी की कमी ने पूरे चेज़ को असंतुलित कर दिया। इंग्लिश-स्टाइल हिटिंग की कोशिशें की गईं, मगर मुमकिन न हो सकीं।
■ गेंदबाज़ी में सुधार की ज़रूरत
भारत के गेंदबाज़ों की प्रदर्शन में उतार-चढ़ाव साफ़ दिखाई दिया। कुछ ओवर बेहतर रहे, लेकिन कुल मिलाकर डेथ ओवर्स में कंट्रोल कमज़ोर रहा। साउथ अफ्रीका के बल्लेबाज़ों ने हर ढीली गेंद का पूरा फ़ायदा उठाया। स्पिनर और पेसर दोनों को रन रोकने में मुश्किल हुई।
कोचिंग स्टाफ़ को अगली मैच से पहले बॉलिंग यूनिट के लिए नई रणनीति तैयार करनी होगी। इंग्लिश-डेटा एनालिसिस के मॉडल का इस्तेमाल करते हुए अगले मैच के लिए अधिक मज़बूत प्लानिंग की उम्मीद की जा रही है।
■ सीरीज अब बराबरी पर, अगला मैच निर्णायक
5 मैचों की टी20 सीरीज अब 1-1 की बराबरी पर है। यह हार भारतीय टीम के लिए चेतावनी की तरह है, क्योंकि इस सीरीज में दोनों टीमें बराबरी पर लड़ रही हैं। अगला मैच सीरीज का सेंटर पॉइंट बन चुका है। टीम मैनेजमेंट, बॉलिंग कोच और बैटिंग यूनिट सभी अगले मुकाबले में बेहतर रणनीति के साथ उतरने की तैयारी कर रहे हैं।
फैंस भी उम्मीद कर रहे हैं कि आने वाला मैच टीम इंडिया के लिए नए मोमेंटम की शुरुआत साबित होगा। उधर साउथ अफ्रीका अगली जीत के साथ सीरीज में बढ़त बनाने का लक्ष्य रख रही है।





