
लाल गाजर या नारंगी हमारी सेहत के लिए कौन सी होती है फायदेमंद?

सर्दियों में जब भी सब्जियों की बात आती है तो उसमें गाजर का नाम भी शामिल होता है। गाजर एक ऐसी सब्जी है जिसको हम अपनी डाइट में कई तरह से शामिल कर सकते हैं जैसे गाजर की सब्जी गाजर का हलवा गाजर का अचार गाजर का जूस आदि यह हमारी सेहत के लिए बेहद फायदेमंद मन जाती है लेकिन आपने मार्केट में दो तरह की गाजर देखी होगी लाल गाजर और नारंगी गाजर अब आप लोगों के मन में सवाल उठना होगा कि हमारी सेहत के लिए कौन सी फायदेमंद होती है। तो चलिए आज हम आपको बताते हैं कि हमारी सेहत के लिए कौन सी गाजर फायदेमंद है।
भारतीय रसोई में गाजर एक आम लेकिन बेहद पौष्टिक सब्ज़ी है। सर्दियों में सलाद से लेकर गाजर का हलवा तक, इसका इस्तेमाल हर जगह होता है। बाज़ार में आमतौर पर दो तरह की गाजर दिखती हैं—लाल (या गहरी लाल/बैंगनी आभा वाली) और नारंगी। रंग अलग होने के साथ-साथ इनके पोषक तत्वों में भी कुछ अंतर होता है। सवाल यह है कि सेहत के लिहाज़ से कौन-सी गाजर ज़्यादा फायदेमंद है?
गाजर का रंग उसमें मौजूद प्राकृतिक पिगमेंट्स की वजह से होता है, जो सीधे उसके पोषण मूल्य से जुड़े होते हैं।
1. लाल गाजर
• लाल गाजर में लाइकोपीन की मात्रा अधिक होती है।
• लाइकोपीन एक शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट है, जो शरीर को फ्री-रैडिकल्स से होने वाले नुकसान से बचाने में मदद करता है।
• इसमें फाइबर, विटामिन C और कुछ मात्रा में आयरन भी पाया जाता है।
• उत्तर भारत में उगाई जाने वाली लाल गाजर स्वाद में थोड़ी मीठी होती है, इसलिए हलवा और सलाद में लोकप्रिय है।
2. नारंगी गाजर
• नारंगी गाजर बीटा-कैरोटीन से भरपूर होती है।
• बीटा-कैरोटीन शरीर में जाकर विटामिन A में बदलता है, जो आंखों की रोशनी, त्वचा और इम्यून सिस्टम के लिए जरूरी है।
• इसमें पोटैशियम और फाइबर भी अच्छी मात्रा में होता है।
• यह गाजर दुनिया भर में सबसे ज़्यादा प्रचलित है।
सेहत के लिए कौन-सी बेहतर?
पोषण विशेषज्ञों के अनुसार, दोनों गाजरें सेहत के लिए फायदेमंद हैं, लेकिन उनका लाभ अलग-अलग ज़रूरतों पर निर्भर करता है। अगर आंखों की सेहत और इम्युनिटी को मज़बूत करना लक्ष्य है, तो नारंगी गाजर बेहतर मानी जाती है। अगर एंटीऑक्सीडेंट्स और हृदय स्वास्थ्य पर ध्यान देना है, तो लाल गाजर उपयोगी हो सकती है।
निष्कर्ष
लाल और नारंगी गाजर के बीच कोई मुकाबला नहीं, बल्कि दोनों एक-दूसरे की पूरक हैं। संतुलित आहार के लिए बेहतर यही है कि दोनों तरह की गाजरों को अपने भोजन में शामिल किया जाए। रंग जितने ज़्यादा, पोषण उतना बेहतर







