
Uttarakhand Chief Secretary Anand Bardhan reviewing Prime Minister’s projects in Dehradun -Shah Times
पीएम शिलान्यास वाली ₹२२,०१५ करोड़ की परियोजनाओं की सचिवालय में समीक्षा
मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने सचिवालय में प्रधानमंत्री द्वारा शिलान्यास की गई परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की।
बैठक में ९१ योजनाओं की भौतिक और वित्तीय स्थिति पर रिपोर्ट ली गई।
📍 Dehradun ✍️ Asif Khan
सचिवालय में परियोजनाओं की स्टेट लेवल समीक्षा
देहरादून स्थित सचिवालय में गुरुवार को मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री द्वारा शिलान्यास की गई विभिन्न विकास परियोजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। इस मीटिंग में अलग-अलग विभागों से जुड़ी कुल ९१ योजनाओं की भौतिक और वित्तीय प्रोग्रेस पर रिपोर्ट पेश की गई।
₹२२,०१५.७६ करोड़ की ९१ योजनाएं
बैठक के दौरान अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा जिन परियोजनाओं का शिलान्यास किया गया था, उनकी कुल लागत लगभग ₹२२,०१५.७६ करोड़ है। इन ९१ परियोजनाओं में सड़क, ऊर्जा, जल संसाधन, सिंचाई, इंफ्रास्ट्रक्चर, और पब्लिक यूटिलिटी से जुड़ी योजनाएं शामिल हैं।
१८ परियोजनाएं पूरी, १२ का लोकार्पण बाकी
रिव्यू में यह जानकारी दी गई कि इन ९१ में से १८ परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं। इनमें से ६ का लोकार्पण हो चुका है, जबकि १२ तैयार होने के बावजूद अभी तक जनता के लिए औपचारिक रूप से शुरू नहीं की गई हैं।
मुख्य सचिव ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि जो परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं, उनका लोकार्पण बिना देरी के कराया जाए, ताकि लोगों को उनका लाभ मिल सके।
७३ योजनाएं निर्माणाधीन, मार्च २०२६ लक्ष्य
अधिकारियों ने बताया कि बाकी ७३ परियोजनाएं अलग-अलग चरणों में निर्माणाधीन हैं। अधिकतर योजनाओं को मार्च २०२६ तक पूरा करने का टार्गेट तय किया गया है। इन योजनाओं में रोड नेटवर्क, पावर प्रोजेक्ट्स, वॉटर सप्लाई सिस्टम और मल्टी-पर्पज़ डेवलपमेंट वर्क्स शामिल हैं।
डिपार्टमेंट्स को प्रो-एक्टिव रोल के निर्देश
मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने सभी विभागों को प्रो-एक्टिव होकर काम करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि समय-सीमा के भीतर काम पूरा करना प्राथमिकता है और किसी भी स्तर पर देरी से बचा जाए।
उन्होंने कहा कि जहां एक से ज्यादा विभाग जुड़े हैं, वहां आपसी तालमेल से समस्याओं को हल किया जाए, ताकि काम रुके नहीं।
नियोजन विभाग को नियमित मॉनिटरिंग का निर्देश
बैठक में नियोजन विभाग को भी जिम्मेदारी दी गई कि प्रधानमंत्री के शिलान्यास से जुड़ी परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग की जाए। हर परियोजना की प्रोग्रेस रिपोर्ट समय-समय पर स्टेट लेवल पर प्रस्तुत की जाए, ताकि किसी भी तरह की रुकावट जल्दी सामने आ सके।
लखवाड़ बहुउद्देश्यीय परियोजना पर खास फोकस
मुख्य सचिव ने यूजेवीएनएल के एमडी को निर्देश दिए कि लखवाड़ बहुउद्देश्यीय परियोजना के लिए केंद्रीय जल आयोग को जल्द से जल्द डिजाइन और शेड्यूल उपलब्ध कराया जाए। इस प्रोजेक्ट को राज्य की एक महत्वपूर्ण हाइड्रो और वाटर मैनेजमेंट योजना के रूप में देखा जा रहा है।
फाइनेंशियल और फिजिकल प्रोग्रेस की रिपोर्ट
बैठक में सभी विभागों से फाइनेंशियल रिलीज, खर्च और फिजिकल वर्क की स्थिति पर डेटा लिया गया। यह देखा गया कि किस प्रोजेक्ट में कितना काम पूरा हुआ है और कहां पर लेट होने की संभावना है।
सीनियर अधिकारी रहे मौजूद
इस मीटिंग में विशेष प्रमुख सचिव अमित कुमार सिन्हा, सचिव नीतेश कुमार झा, डॉ. रंजीत कुमार सिन्हा, डॉ. एस. एन. पाण्डेय, युगल किशोर पंत, अपर सचिव विनीत कुमार और नवनीत पाण्डेय समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
सरकारी सिस्टम में प्रोजेक्ट ट्रैकिंग
राज्य सरकार ने सभी पीएम-शिलान्यास परियोजनाओं को एक ट्रैकिंग सिस्टम के तहत रखा है, ताकि समय-सीमा, बजट और गुणवत्ता पर नजर रखी जा सके। बैठक में इसी सिस्टम के जरिए डेटा प्रस्तुत किया गया।
जनता को समय पर लाभ देने पर जोर
मुख्य सचिव ने कहा कि किसी भी परियोजना का असली उद्देश्य तब पूरा होता है जब वह जनता के इस्तेमाल में आती है। इसलिए पूरी हो चुकी योजनाओं का उद्घाटन जल्दी कराया जाए और जो चल रही हैं, उन्हें तय समय पर पूरा किया जाए।






