मुजफ्फरनगर के जौला गांव में 8 गाड़ियों से कथित स्टंटबाजी का वीडियो वायरल हुआ। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 3 गाड़ियों को सीज किया।
📍 मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश
🗓️ 4 नवंबर 2026
✍️ Mohd Naved
जौला गांव की सड़कों पर स्टंटबाजी का मामला
मुजफ्फरनगर में सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के उल्लंघन से जुड़ा एक मामला सामने आया है। बुढ़ाना कोतवाली क्षेत्र के गांव जौला में कुछ युवकों द्वारा कारों से स्टंटबाजी किए जाने की जानकारी सामने आई है।
मिली जानकारी के मुताबिक, इस गतिविधि में 8 गाड़ियां शामिल थीं और उनमें 26 युवक मौजूद थे। बताया जा रहा है कि युवकों ने गांव की सड़कों पर कारों से स्टंट किए। इस दौरान बनाए गए वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने की बात कही जा रही है।
हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि, उसकी रिकॉर्डिंग की तारीख और उसमें दिखाई देने वाले सभी लोगों की शिनाख़्त अभी उपलब्ध जानकारी से नहीं हो सकी है।
पुलिस कार्रवाई के बाद भी स्टंटबाजी का सवाल
प्रारंभिक सूचना के अनुसार, पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए 3 गाड़ियों को सीज किया है। यह कार्रवाई सड़क पर खतरनाक तरीके से वाहन चलाने के मामले को लेकर बताई जा रही है।
हालांकि, कितने लोगों के खिलाफ चालान या अन्य कानूनी कार्रवाई हुई है, कितने युवक हिरासत में लिए गए हैं और बाकी गाड़ियों के संबंध में क्या कदम उठाए गए हैं, इसकी आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है।
ऐसे मामलों में वाहन सीज किए जाने के साथ संबंधित चालकों की भूमिका और यातायात नियमों के उल्लंघन की भी जांच अहम होती है।
गांव की सड़कों पर स्टंटबाजी से राहगीरों की सुरक्षा को खतरा
गांवों की सड़कों पर तेज रफ्तार और खतरनाक तरीके से कार चलाना दूसरे लोगों के लिए गंभीर जोखिम पैदा करता है। इन रास्तों पर पैदल चलने वाले ग्रामीण, बच्चे, बुजुर्ग और दोपहिया वाहन चालक भी आवाजाही करते हैं।
ऐसे में सार्वजनिक सड़कों को स्टंटबाजी का ठिकाना बनाना किसी बड़े हादसे की वजह बन सकता है। थोड़ी सी लापरवाही से वाहन चालक के साथ दूसरे राहगीरों की जान भी खतरे में पड़ सकती है।
सोशल मीडिया वीडियो के आधार पर जांच जरूरी
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद ऐसे मामलों में पुलिस के सामने आरोपियों की शिनाख़्त, वाहनों के पंजीकरण और घटना के वास्तविक स्थान की पुष्टि करना अहम होता है।
जौला गांव के इस मामले में भी वायरल वीडियो की प्रामाणिकता और उसमें शामिल युवकों की पहचान की आधिकारिक पुष्टि जरूरी है। साथ ही यह स्पष्ट होना बाकी है कि 8 गाड़ियों और 26 युवकों से संबंधित सभी जानकारियां जांच में सही पाई गई हैं या नहीं।
अब आगे क्या?
फिलहाल उपलब्ध जानकारी में 3 गाड़ियों को सीज किए जाने की बात सामने आई है। बाकी वाहनों और कथित रूप से शामिल युवकों के खिलाफ कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट नहीं है।
इस मामले में बुढ़ाना पुलिस की आधिकारिक प्रतिक्रिया, कार्रवाई का विस्तृत ब्योरा और जांच के नतीजे सामने आने के बाद ही पूरी तस्वीर साफ होगी। सड़क सुरक्षा के लिहाज से ऐसे मामलों में निष्पक्ष जांच और नियमों के मुताबिक कार्रवाई जरूरी है।