बालद पार्टी नेता सामी अबू शहादेह ने 27 अक्टूबर के नेसेट चुनाव से उम्मीदवारी वापस ली। सुप्रीम कोर्ट की 9 सदस्यीय पीठ ने उनकी अयोग्यता की संभावना जताई थी।
यरुशलम, इजरायल | 2 अक्टूबर 2026
By Mohd Haris
इजरायल की अरब-बहुल बालद पार्टी के नेता सामी अबू शहादेह ने आगामी नेसेट चुनाव से अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली है। उनका फैसला सुप्रीम कोर्ट में हुई सुनवाई के बाद सामने आया, जहां 9 न्यायाधीशों की पीठ ने संकेत दिया कि बहुमत उनकी उम्मीदवारी को अयोग्य ठहराने के पक्ष में है।
इजरायल में नेसेट चुनाव 27 अक्टूबर 2026 को प्रस्तावित हैं। अबू शहादेह ने कहा है कि उनकी उम्मीदवारी वापस लेना उनकी राजनीतिक गतिविधि का अंत नहीं है। बालद पार्टी के मुताबिक वह पार्टी का नेतृत्व जारी रखेंगे।
1 अक्टूबर को इजरायली सुप्रीम कोर्ट ने अबू शहादेह की चुनावी पात्रता से जुड़े मामले की सुनवाई की। सुनवाई 9 न्यायाधीशों की विस्तारित पीठ के सामने हुई।
मुख्य न्यायाधीश यित्ज़हाक अमित ने सुनवाई के दौरान संकेत दिया कि न्यायाधीशों का बहुमत उनकी उम्मीदवारी को अयोग्य ठहराने के पक्ष में है। अदालत ने उन्हें उम्मीदवारी वापस लेने का विकल्प दिया।
अबू शहादेह ने इसके बाद चुनाव से हटने का फैसला किया। इस तरह अदालत को उनकी व्यक्तिगत उम्मीदवारी पर औपचारिक अयोग्यता आदेश जारी करने की जरूरत नहीं पड़ी।
अबू शहादेह की उम्मीदवारी के खिलाफ मामला अक्टूबर 2023 में प्रकाशित उनके एक लेख से जुड़ा था। इजरायली अटॉर्नी जनरल ने आरोप लगाया कि लेख में इस्तेमाल की गई भाषा सशस्त्र संघर्ष के समर्थन के तौर पर देखी जा सकती है।
अबू शहादेह ने इस आरोप से इनकार किया। अदालत में उन्होंने कहा कि वह हिंसा या आतंकवाद का समर्थन नहीं करते और लेख में इस्तेमाल की गई भाषा को संदर्भ से अलग करके नहीं देखा जाना चाहिए।
इसलिए आरोप और अबू शहादेह का बचाव दोनों को अलग-अलग दर्ज करना जरूरी है। अदालत की सुनवाई के दौरान उठे आरोपों को दोषसिद्धि के रूप में पेश नहीं किया जा सकता।
इजरायल की केंद्रीय चुनाव समिति ने सितंबर में अबू शहादेह की उम्मीदवारी को अयोग्य ठहराने के पक्ष में मतदान किया था।
समिति ने उनके अलावा कुछ अरब राजनीतिक सूचियों और अन्य उम्मीदवारों से जुड़े मामलों पर भी फैसला किया। इन फैसलों के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील की गई।
इजरायली चुनावी व्यवस्था में किसी व्यक्तिगत उम्मीदवार को अयोग्य ठहराने के लिए सुप्रीम कोर्ट की भूमिका महत्वपूर्ण है। इसी वजह से अबू शहादेह की उम्मीदवारी का मामला शीर्ष अदालत तक पहुंचा।
सामी अबू शहादेह बालद पार्टी के नेता हैं। वह इससे पहले 2019 से 2022 तक नेसेट के सदस्य रह चुके हैं। बालद खुद को अरब नागरिकों के राजनीतिक प्रतिनिधित्व और राष्ट्रीय अधिकारों से जुड़े मुद्दों पर केंद्रित पार्टी के रूप में पेश करती है।
पार्टी ने कहा है कि अबू शहादेह की उम्मीदवारी वापस लेने का फैसला अदालत की सुनवाई के बाद राजनीतिक और कानूनी परिस्थितियों को देखते हुए लिया गया।
बालद के बयान के मुताबिक अबू शहादेह पार्टी के अध्यक्ष बने रहेंगे और पार्टी की राजनीतिक गतिविधियां जारी रहेंगी।
अबू शहादेह की उम्मीदवारी से जुड़ा विवाद इजरायल में अरब राजनीतिक प्रतिनिधित्व के व्यापक सवाल से भी जुड़ गया है।
केंद्रीय चुनाव समिति ने 2 प्रमुख अरब-बहुल राजनीतिक सूचियों के खिलाफ भी अयोग्यता संबंधी फैसले लिए थे। इन मामलों पर सुप्रीम कोर्ट में अलग से सुनवाई जारी है।
इस घटनाक्रम को लेकर अरब राजनीतिक दलों और उनके समर्थकों ने चिंता जताई है। दूसरी तरफ अबू शहादेह की अयोग्यता के समर्थकों ने उनके पुराने लेख और सार्वजनिक बयानों को अपनी आपत्ति का आधार बनाया है।
दोनों पक्षों के दावों को अदालत की चल रही प्रक्रिया के संदर्भ में देखना जरूरी है।
इजरायल में अगला नेसेट चुनाव 27 अक्टूबर 2026 को होना है। अबू शहादेह के चुनाव से हटने के बावजूद बालद पार्टी की राजनीतिक गतिविधियां जारी रहेंगी।
उनकी उम्मीदवारी वापस लेने से संबंधित राजनीतिक गठबंधनों और अरब मतदाताओं के प्रतिनिधित्व को लेकर बहस आगे बढ़ सकती है। हालांकि, इस फैसले से चुनाव के अंतिम नतीजे पर क्या असर पड़ेगा, इसका आकलन अभी करना उचित नहीं होगा।
अबू शहादेह का मामला अकेला नहीं है। सुप्रीम कोर्ट ने अरब राजनीतिक सूचियों और अन्य उम्मीदवारों से जुड़े अयोग्यता मामलों की भी सुनवाई शुरू की है।
इनमें संयुक्त अरब सूची और संयुक्त सूची से जुड़े मामले शामिल हैं।संयुक्त सूची में Hadash, Ta’al और Balad जैसे दल शामिल हैं।
अदालत के फैसले यह तय करने में महत्वपूर्ण होंगे कि संबंधित राजनीतिक दल और उम्मीदवार आगामी चुनाव में किस रूप में हिस्सा ले सकेंगे।
अबू शहादेह का नाम चुनावी दौड़ से हट गया है, लेकिन बालद पार्टी ने साफ किया है कि उनकी राजनीतिक भूमिका खत्म नहीं हुई है।
पार्टी के मुताबिक वह नेतृत्व जारी रखेंगे। यानी मौजूदा घटनाक्रम व्यक्तिगत चुनावी उम्मीदवारी से जुड़ा है, न कि बालद पार्टी के राजनीतिक अस्तित्व या गतिविधियों के समाप्त होने से।
सुप्रीम कोर्ट अरब राजनीतिक सूचियों और अन्य उम्मीदवारों से संबंधित अपीलों पर सुनवाई जारी रखेगा। इन मामलों के फैसले 27 अक्टूबर के नेसेट चुनाव में अरब राजनीतिक प्रतिनिधित्व की स्थिति के लिए महत्वपूर्ण होंगे।
अबू शहादेह के मामले में फिलहाल उनकी उम्मीदवारी वापस हो चुकी है। उनके खिलाफ लगाए गए राजनीतिक और कानूनी आरोपों को लेकर अंतिम न्यायिक निष्कर्ष और अन्य लंबित मामलों की स्थिति अलग प्रक्रिया का विषय है।
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।