वियतनाम के हो ची मिन्ह सिटी में पुलिस ने 12 लोगों को करीब 2,700 बिल्लियां चोरी कर बेचने के आरोप में गिरफ्तार किया। जांच में 50 जीवित बिल्लियां और 55 जाल मिले।
वियतनाम के हो ची मिन्ह सिटी में पुलिस ने कथित तौर पर बड़े पैमाने पर बिल्लियों की चोरी और बिक्री से जुड़े नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई की है। पुलिस ने 12 लोगों को गिरफ्तार किया है और उन पर संपत्ति चोरी से जुड़े अपराध का मुकदमा दर्ज किया गया है। अधिकारियों के मुताबिक पूछताछ में आरोपियों ने करीब 2,700 बिल्लियों को पकड़ने और बेचने की बात कबूल की है।
पुलिस ने बताया कि नेटवर्क कई इलाकों में सक्रिय था और रात के समय रिहायशी क्षेत्रों से बिल्लियों को पकड़ा जाता था। जांच के दौरान 50 जीवित बिल्लियां, 55 जाल, 7 मोटरसाइकिल, 13 मोबाइल फोन और दूसरे सामान बरामद किए गए। करीब 6.7 मिलियन वियतनामी डोंग नकद भी जब्त किए जाने की जानकारी दी गई है। DTiNews
हो ची मिन्ह सिटी पुलिस के मुताबिक मामले में 39 वर्षीय लू थान बिन्ह को कथित नेटवर्क का प्रमुख बताया गया है। जांच एजेंसी का आरोप है कि वह जीवित बिल्लियां खरीदता, उन्हें एक स्थान पर जमा करता और फिर आगे बेचता था।
पुलिस के अनुसार नेटवर्क से जुड़े लोगों ने छोटे-छोटे समूह बनाए हुए थे। ये समूह मोटरसाइकिल से रिहायशी इलाकों में जाते और बिल्लियों को पकड़ने के लिए जाल का इस्तेमाल करते थे।
पुलिस के मुताबिक प्रत्येक समूह एक रात में औसतन 4 से 10 बिल्लियां पकड़ता था। गतिविधियां मुख्य रूप से रात 11 बजे से सुबह 4 बजे के बीच होने की बात सामने आई है।
जांच के दौरान पुलिस ने 50 जीवित बिल्लियां बरामद कीं। इसके अलावा बिल्लियों को पकड़ने के लिए इस्तेमाल किए गए 55 जाल भी जब्त किए गए।
पुलिस ने कुछ अन्य उपकरण और वाहन भी अपने कब्जे में लिए। बरामद सामान की जांच अब इस बात को समझने में अहम होगी कि कथित नेटवर्क किस तरह काम करता था और इसमें कितने लोग शामिल थे।
बरामद बिल्लियों में से 13 के मालिकों की पहचान हो चुकी है और उन्हें उनके परिवारों को वापस सौंप दिया गया है। बाकी बिल्लियों को देखभाल के लिए एक सामाजिक केंद्र में भेजा गया है, जबकि पुलिस उनके मालिकों की पहचान करने की कोशिश कर रही है।
जांच एजेंसी का आरोप है कि नेटवर्क चोरी की गई बिल्लियों को आगे बेचता था। पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने पूछताछ के दौरान करीब 2,700 बिल्लियों को चोरी करने और उनका कारोबार करने की बात कही है।
यह आंकड़ा आरोपियों के बयान पर आधारित है। इसका मतलब यह नहीं है कि पुलिस ने 2,700 बिल्लियों को बरामद किया है। अब जांच एजेंसियों को इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि करनी होगी।
यही अंतर इस मामले की रिपोर्टिंग में अहम है। 2,700 बिल्लियों की संख्या कथित तौर पर आरोपियों द्वारा बताई गई है, जबकि पुलिस की तत्काल बरामदगी 50 जीवित बिल्लियों की है।
पुलिस के अनुसार कथित नेटवर्क में पकड़ी गई बिल्लियों को आगे बेचने की व्यवस्था थी। स्थानीय रिपोर्टों में इस कारोबार को मांस के लिए बिल्लियों की आपूर्ति से जोड़ा गया है।
वियतनाम में कुत्ते और बिल्ली के मांस का सेवन अपने आप में प्रतिबंधित नहीं है, लेकिन व्यापारियों को जानवरों के स्रोत से जुड़े दस्तावेज रखने होते हैं। चोरी की गई पालतू बिल्लियों का मामला अलग है, क्योंकि यहां मुख्य कानूनी मुद्दा कथित संपत्ति चोरी है।
इसलिए मौजूदा मामले को केवल मांस कारोबार के संदर्भ में देखना अधूरा होगा। पुलिस की कार्रवाई का मुख्य कानूनी आधार फिलहाल संपत्ति चोरी से जुड़ा है।
इस मामले ने हो ची मिन्ह सिटी के रिहायशी इलाकों में पालतू जानवरों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाई है।
पुलिस की जांच के मुताबिक कथित गिरोह रात के समय ऐसे इलाकों में जाता था जहां बिल्लियां घरों के बाहर घूमती थीं। इससे उन परिवारों की चिंता बढ़ी है जिनके पालतू जानवर अचानक गायब हुए हैं।
बरामद 50 बिल्लियों में से 13 को उनके मालिकों तक वापस पहुंचाया जा चुका है। इससे यह भी पता चलता है कि कम से कम कुछ बरामद जानवर पालतू थे। DTiNews
यह वियतनाम में बिल्लियों की कथित चोरी और मांस कारोबार से जुड़ा पहला मामला नहीं है।
इस साल जून में हो ची मिन्ह सिटी में पुलिस ने एक अन्य कार्रवाई के दौरान 400 से अधिक जीवित बिल्लियों को बचाया था। उस मामले में 9 लोगों की गिरफ्तारी की जानकारी सामने आई थी और कई बिल्लियों को उनके मालिकों से दोबारा मिलाया गया था।
अक्टूबर की मौजूदा कार्रवाई ने एक बार फिर पालतू जानवरों की चोरी और अवैध आपूर्ति नेटवर्क को लेकर बहस तेज कर दी है।
पुलिस की जांच अब कई अहम बिंदुओं पर केंद्रित होगी।
पहला सवाल यह है कि कथित नेटवर्क कितने समय से सक्रिय था। दूसरा, करीब 2,700 बिल्लियों से जुड़ा दावा किस हद तक दस्तावेजी या अन्य साक्ष्यों से साबित होता है तीसरा, चोरी की गई बिल्लियों को किन खरीदारों या कारोबारियों तक पहुंचाया गया।
इसके अलावा पुलिस को यह भी पता लगाना होगा कि नेटवर्क में कितने अन्य लोग शामिल थे और क्या अलग-अलग इलाकों में हुई बिल्लियों की गुमशुदगी की घटनाओं का संबंध इसी समूह से है।
हो ची मिन्ह सिटी पुलिस ने 12 संदिग्धों के खिलाफ संपत्ति चोरी से संबंधित आपराधिक कार्यवाही शुरू की है। 4 October को जांच एजेंसी ने मामला दर्ज करने और संदिग्धों को हिरासत में लेने की प्रक्रिया पूरी की थी।
फिलहाल सभी आरोप जांच के दायरे में हैं। अदालत में दोष सिद्ध होने तक आरोपियों को आरोपी के तौर पर ही देखा जाएगा।
मामले में आगे की जांच कथित नेटवर्क की पूरी संरचना, बिल्लियों की संख्या और उनके अंतिम खरीदारों से जुड़ी जानकारी सामने ला सकती है।
हो ची मिन्ह सिटी की यह कार्रवाई एक व्यापक सुरक्षा और सामाजिक मुद्दे की ओर भी ध्यान खींचती है। पालतू जानवरों की चोरी केवल पशु कल्याण का मामला नहीं है। यह परिवारों की संपत्ति, स्थानीय सुरक्षा और संगठित अपराध की संभावित गतिविधियों से भी जुड़ सकता है।
फिलहाल पुलिस की कार्रवाई और बरामदगी से इतना स्पष्ट है कि एक संगठित बिल्ली चोरी नेटवर्क की जांच चल रही है। करीब 2,700 बिल्लियों से जुड़ा आंकड़ा आरोपियों के बयान पर आधारित है, जबकि बरामद बिल्लियों की संख्या 50 बताई गई है। आगे की जांच इस पूरे दावे की वास्तविक तस्वीर स्पष्ट करेगी।
Shah Times Reporter
शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।