सोमवार, 05 October 2026
GOLD ₹0 ▼ 0%
SENSEX 0 ▼ 0%
BITCOIN $0 ▼ 0%
38°C मुजफ्फरनगर
EDITION:
BREAKING
#ShahTimes #Muzaffarnagar #Bijnor #Moradabad #BreakingNews #Politics #Education #Crime #Sports #Business
Advertisement
World

ट्रंप के 9/11 दावे पर फिर सवाल, 25वीं बरसी पर ग्राउंड ज़ीरो से दूरी ने बढ़ाई चर्चा

Harish Qureshi • 2026-09-10 11:38:06
ट्रंप के 9/11 दावे पर फिर सवाल, 25वीं बरसी पर ग्राउंड ज़ीरो से दूरी ने बढ़ाई चर्चा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 9/11 के बाद अपने अनुभव को लेकर नया दावा किया है। उपलब्ध रिकॉर्ड और पूर्व रिपोर्टों में उनके दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं मिलती। 25वीं बरसी पर ट्रंप न्यूयॉर्क के ग्राउंड ज़ीरो समारोह के बजाय पेंटागन में श्रद्धांजलि देंगे।


वॉशिंगटन डीसी | 10 सितंबर 2026

By Mohd Haris


9/11 की 25वीं बरसी से पहले ट्रंप का बयान


अमेरिका में 11 सितंबर 2001 के आतंकी हमलों की 25वीं बरसी से पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के पुराने और नए दावे फिर बहस में आ गए हैं। व्हाइट हाउस में आयोजित एक स्मृति कार्यक्रम के दौरान ट्रंप ने कहा कि हमले के बाद एक अस्थिर इमारत के करीब मौजूद होने पर दो फायरफाइटर्स ने उन्हें पकड़कर सुरक्षित जगह पहुंचाया था। इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध रिकॉर्ड में नहीं मिलती।


ट्रंप ने यह बयान ऐसे वक्त दिया है जब अमेरिका 9/11 हमलों में मारे गए 2,977 लोगों, हजारों फर्स्ट रिस्पॉन्डर्स और हमले के दीर्घकालिक असर को याद कर रहा है। इस बार 25वीं बरसी की राष्ट्रीय स्मृति में ट्रंप की भूमिका भी राजनीतिक और मीडिया चर्चा का अहम विषय बन गई है।


फायरफाइटर्स द्वारा बचाए जाने का दावा


वॉशिंगटन में आयोजित कार्यक्रम में ट्रंप ने कहा कि उन्हें लगा था कि एक इमारत उनके ऊपर गिर सकती है। उनके मुताबिक, दो मजबूत फायरफाइटर्स ने उन्हें बाजू से पकड़कर वहां से हटाया।


यह ट्रंप के 9/11 से जुड़े पुराने बयानों की एक नई कड़ी है। उन्होंने पहले भी हमलों के बाद ग्राउंड ज़ीरो पर जाने और निर्माणकर्मियों को राहत एवं मलबा हटाने के काम में भेजने की बात कही है। अमेरिकी मीडिया और घटनास्थल से जुड़े अधिकारियों की पूर्व रिपोर्टों में इन दावों पर सवाल उठाए गए हैं।


उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, ट्रंप ने हमले के दिन मैनहैटन स्थित अपने कार्यालय से मीडिया से बात की थी। बाद में वह लोअर मैनहैटन पहुंचे थे। लेकिन उनके द्वारा बताए गए कुछ खास घटनाक्रम, खास तौर पर फायरफाइटर्स द्वारा उन्हें सुरक्षित निकालने की कहानी, स्वतंत्र रूप से पुष्ट नहीं हुई है।


दावे और दस्तावेजी रिकॉर्ड के बीच सवाल


9/11 जैसे ऐतिहासिक घटनाक्रम में किसी व्यक्ति की भूमिका को लेकर दावे की जांच के लिए प्रत्यक्षदर्शी बयान, आधिकारिक रिकॉर्ड, समकालीन रिपोर्टिंग और घटनास्थल से जुड़े दस्तावेज अहम होते हैं।


ट्रंप ने हाल में सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अपने पुराने दावे का बचाव भी किया। उन्होंने कहा कि वह हमले के तुरंत बाद कानून की अनुमति मिलते ही वहां पहुंचे थे और निर्माणकर्मियों के एक बड़े समूह के साथ काम किया था। लेकिन उपलब्ध स्वतंत्र रिपोर्टिंग में इन दावों की पुष्टि को लेकर गंभीर सवाल बने हुए हैं।


इसलिए इन दावों को स्थापित तथ्य के रूप में पेश करना उचित नहीं होगा। मौजूदा स्थिति यह है कि ट्रंप ने अपनी याद और अनुभव का एक विवरण दिया है, जबकि कई स्वतंत्र रिपोर्टों ने उसके कुछ हिस्सों की पुष्टि नहीं की है।


25वीं बरसी पर ग्राउंड ज़ीरो क्यों अहम है?


न्यूयॉर्क का ग्राउंड ज़ीरो 9/11 की सामूहिक स्मृति का केंद्रीय स्थल है। 2001 में वर्ल्ड ट्रेड सेंटर के दोनों टावरों पर अपहृत विमानों के टकराने के बाद यह जगह अमेरिकी इतिहास के सबसे बड़े आतंकी हमलों का प्रतीक बन गई।


25वीं बरसी पर न्यूयॉर्क में होने वाली रस्मी तकरीब में पीड़ितों के परिवार, फर्स्ट रिस्पॉन्डर्स और कई पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति शामिल होने वाले हैं। पूर्व राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू बुश, बराक ओबामा और बिल क्लिंटन की मौजूदगी की पुष्टि करने वाली रिपोर्टें सामने आई हैं।


उपराष्ट्रपति जेडी वेंस न्यूयॉर्क के ग्राउंड ज़ीरो समारोह में प्रशासन का प्रतिनिधित्व करेंगे, जबकि ट्रंप पेंटागन में 9/11 की बरसी मनाएंगे।


ट्रंप पेंटागन में देंगे श्रद्धांजलि


ट्रंप की ओर से ग्राउंड ज़ीरो के बजाय पेंटागन जाने का फैसला पहले से सामने आ चुका था। ट्रंप ने खुद कहा था कि वह 11 सितंबर को पेंटागन जाएंगे। व्हाइट हाउस ने भी उनकी योजना की पुष्टि की है।


व्हाइट हाउस ने इस बात से इनकार किया है कि ट्रंप का कार्यक्रम ग्राउंड ज़ीरो में भाषण की अनुमति नहीं मिलने की वजह से बदला गया। दूसरी ओर, न्यूयॉर्क समारोह के स्वरूप और वहां भाषणों को लेकर पहले से रिपोर्टें सामने आई थीं।


इसलिए ट्रंप के ग्राउंड ज़ीरो नहीं जाने की वजह को लेकर अलग-अलग दावे मौजूद हैं। आधिकारिक तौर पर राष्ट्रपति का कार्यक्रम पेंटागन में स्मरण समारोह का है।


व्हाइट हाउस ने 9/11 स्मृति कार्यक्रम आयोजित किया


ट्रंप ने 8 सितंबर को व्हाइट हाउस के बाहर एलिप्स में 9/11 स्मृति कार्यक्रम में हिस्सा लिया था। कार्यक्रम में वर्ल्ड ट्रेड सेंटर के साउथ टावर के मलबे से बरामद एक विशाल स्टील बीम प्रदर्शित की गई।


इस मौके पर ट्रंप ने 9/11 के पीड़ितों और फर्स्ट रिस्पॉन्डर्स को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने वेल्स क्राउथर को मरणोपरांत प्रेसिडेंशियल मेडल ऑफ फ्रीडम भी प्रदान किया। क्राउथर को 9/11 के दौरान लोगों की जान बचाने के लिए याद किया जाता है।


इस कार्यक्रम से यह स्पष्ट है कि ट्रंप प्रशासन 9/11 की राष्ट्रीय स्मृति में औपचारिक भूमिका निभा रहा है। विवाद मुख्यतः इस बात पर केंद्रित है कि राष्ट्रपति न्यूयॉर्क के मुख्य स्मृति समारोह में खुद मौजूद क्यों नहीं होंगे और उनके निजी अनुभवों को लेकर किए गए दावों की पुष्टि कितनी है।


9/11 में 2,977 लोगों की मौत


अमेरिकी सरकार के अनुसार 11 सितंबर 2001 के हमलों में 2,977 लोगों की मौत हुई थी। चार वाणिज्यिक विमानों का अपहरण किया गया था। दो विमान न्यूयॉर्क के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर से टकराए, एक विमान पेंटागन से टकराया और चौथा विमान पेंसिल्वेनिया में दुर्घटनाग्रस्त हुआ।


इन हमलों के बाद अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा नीति, विदेश नीति और आतंकवाद विरोधी रणनीति में व्यापक बदलाव आया। हजारों फर्स्ट रिस्पॉन्डर्स और अन्य लोग बाद के वर्षों में 9/11 से जुड़े स्वास्थ्य प्रभावों से भी जूझते रहे हैं।


विवाद का असल केंद्र क्या है?


इस पूरे मामले में दो अलग मुद्दों को अलग रखना जरूरी है।


पहला मुद्दा ट्रंप की 9/11 के बाद की व्यक्तिगत भूमिका को लेकर उनके दावे हैं। इन दावों के कुछ हिस्सों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है और कई रिपोर्टों में उनके बयान पर सवाल उठाए गए हैं।


दूसरा मुद्दा 25वीं बरसी पर राष्ट्रपति की आधिकारिक मौजूदगी का है। ट्रंप न्यूयॉर्क के ग्राउंड ज़ीरो समारोह में नहीं होंगे, लेकिन वह पेंटागन में श्रद्धांजलि देंगे। उपराष्ट्रपति वेंस न्यूयॉर्क समारोह में प्रशासन का प्रतिनिधित्व करेंगे।


इन दोनों मुद्दों को एक ही निष्कर्ष में जोड़ना तथ्यात्मक रूप से सही नहीं होगा। राष्ट्रपति का पेंटागन जाना 9/11 स्मरण से उनकी अनुपस्थिति नहीं है। विवाद मुख्य रूप से स्थान, समारोह की प्रकृति और उनके व्यक्तिगत दावों को लेकर है।


अमेरिका के लिए 25 साल बाद भी 9/11 क्यों महत्वपूर्ण है?


25 साल बाद 9/11 अमेरिकी समाज और राज्य व्यवस्था पर गहरा असर छोड़ने वाली घटना बनी हुई है। न्यूयॉर्क, पेंटागन और पेंसिल्वेनिया के स्मृति स्थल हर साल पीड़ितों और उनके परिवारों को केंद्र में रखकर कार्यक्रम आयोजित करते हैं।


इस साल की 25वीं बरसी खास तौर पर महत्वपूर्ण है क्योंकि हमले की प्रत्यक्ष याद रखने वाली पीढ़ी धीरे-धीरे छोटी हो रही है। अमेरिकी सरकार ने भी 11 सितंबर 2026 को पैट्रियट डे घोषित करते हुए पीड़ितों को याद करने और राष्ट्रीय ध्वज को आधा झुकाने का आह्वान किया है।


ऐसे माहौल में राजनीतिक नेताओं की भूमिका पर भी स्वाभाविक रूप से निगाह रहती है। लेकिन 9/11 की स्मृति का मूल केंद्र पीड़ित, उनके परिवार और फर्स्ट रिस्पॉन्डर्स हैं, न कि किसी एक राजनीतिक शख्सियत की निजी कहानी।


आगे क्या होगा?


11 सितंबर को न्यूयॉर्क के ग्राउंड ज़ीरो पर मुख्य स्मृति समारोह आयोजित होगा। उपराष्ट्रपति जेडी वेंस वहां प्रशासन का प्रतिनिधित्व करेंगे। पूर्व राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू बुश, बराक ओबामा और बिल क्लिंटन सहित कई प्रमुख अमेरिकी नेता भी कार्यक्रम में शामिल होने वाले हैं।


ट्रंप पेंटागन में श्रद्धांजलि देंगे। इसके बाद उनके आयरलैंड जाने का कार्यक्रम है, जहां वह गोल्फ टूर्नामेंट में शामिल होंगे।


ट्रंप के 9/11 से जुड़े दावों पर बहस आगे भी जारी रह सकती है। लेकिन उपलब्ध रिकॉर्ड के आधार पर उनके व्यक्तिगत दावों और स्थापित ऐतिहासिक तथ्यों के बीच स्पष्ट अंतर बनाए रखना जरूरी है।


निष्कर्ष


9/11 की 25वीं बरसी अमेरिका के लिए शोक, स्मृति और राष्ट्रीय आत्ममंथन का अवसर है। ट्रंप ने पीड़ितों और फर्स्ट रिस्पॉन्डर्स को श्रद्धांजलि दी है, लेकिन उनके व्यक्तिगत अनुभवों से जुड़े कुछ दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।


ग्राउंड ज़ीरो से उनकी अनुपस्थिति ने राजनीतिक चर्चा को जरूर बढ़ाया है, लेकिन आधिकारिक कार्यक्रम के मुताबिक वह पेंटागन में 9/11 की बरसी मनाएंगे। इस पूरे घटनाक्रम को समझने के लिए सबसे जरूरी बात यही है कि व्यक्तिगत दावों, आधिकारिक रिकॉर्ड और ऐतिहासिक रूप से प्रमाणित तथ्यों को अलग-अलग रखा जाए। 

वीडियो देखें

ADVERTISEMENT
Harish Qureshi

Harish Qureshi

Shah Times Reporter

शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।

BREAKING NEWS

संबंधित खबरें

9/11 की 25वीं बरसी पर Ground Zero पहुंचे ज़ोहरान ममदानी, जूलियानी से भी हुई मुलाकात

2026-09-12 12:12:02

ट्रंप का मीडिया पर बड़ा एक्शन, CNN, MS NOW और Politico पर व्हाइट हाउस में रोक

2026-09-19 12:13:27

ट्रंप ने ईरान पर बड़े सैन्य अभियान को टाला, मिसाइल भंडार और क्षेत्रीय तनाव बना चिंता का कारण

2026-07-26 14:30:00

50% TARIFF: ट्रम्प ने खोला नया ट्रेड फ्रंट, क्या महंगाई और बढ़ेगी?

2026-07-22 05:53:24

Lindsey Graham Fact-Check: क्या ट्रंप के करीबी अमेरिकी सीनेटर को ज़हर दिया गया?

2026-07-13 02:27:00

अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, Birthright Citizenship पर ट्रंप को झटका

2026-07-01 12:42:18

ट्रंप का दावा: अमेरिका-ईरान युद्ध अब समाप्ति की ओर, समझौते के संकेत

2026-09-17 13:30:32

ट्रंप ने अमेरिकी मतदाताओं से किया 5000 डॉलर का वादा, फंडिंग पर सवाल

2026-09-10 16:04:15

TRENDING

ताज़ा ख़बरें
BREAKING NEWS
ADVERTISEMENT

Your Ad Here
TRENDING
आज का ई-पेपर
मुजफ्फरनगर (12 पेज)
बिजनौर (10 पेज)
सहारनपुर (11 पेज)
मुरादाबाद (14 पेज)
Home Video Epaper Reel Menu
Chat With Us
SHAH TIMES
ख़बरें छुपाता नहीं, छापता है
🏠 होम ⚡ ब्रेकिंग न्यूज़ 📰 ताज़ा खबरें 🇮🇳 देश 🌍 दुनिया 🏛 राजनीति 🚔 क्राइम 📈 बिजनेस 🏏 स्पोर्ट्स 🎓 शिक्षा ❤️ स्वास्थ्य 📰 ई-पेपर