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9/11 की 25वीं बरसी पर Ground Zero पहुंचे ज़ोहरान ममदानी, जूलियानी से भी हुई मुलाकात

Harish Qureshi 2026-09-12 12:12:02
9/11 की 25वीं बरसी पर Ground Zero पहुंचे ज़ोहरान ममदानी, जूलियानी से भी हुई मुलाकात

9/11 की 25वीं बरसी पर न्यूयॉर्क के मेयर ज़ोहरान ममदानी Ground Zero पहुंचे। समारोह में पूर्व मेयर रूडी जूलियानी से उनकी संक्षिप्त मुलाकात और हाथ मिलाने की तस्वीर सामने आई।


न्यूयॉर्क | 12 सितंबर 2026

By Mohd Haris


9/11 आतंकी हमलों की 25वीं बरसी पर न्यूयॉर्क के Ground Zero में आयोजित स्मरण समारोह में शहर के मौजूदा मेयर ज़ोहरान ममदानी भी शामिल हुए। यह मौजूदगी इसलिए भी अहम रही क्योंकि समारोह से पहले पूर्व न्यूयॉर्क मेयर रूडी जूलियानी ने ममदानी के वहां आने का खुलकर विरोध किया था।


समारोह के दौरान ममदानी और जूलियानी आमने-सामने आए। दोनों ने हाथ मिलाया और संक्षिप्त बातचीत की। इस मुलाकात ने समारोह के राजनीतिक विवाद के बीच एक महत्वपूर्ण मानवीय और सार्वजनिक क्षण का रूप लिया।


Ground Zero पर 25 साल बाद स्मरण


11 सितंबर 2001 के हमलों में करीब 3,000 लोगों की जान गई थी। 2026 में अमेरिका ने हमलों की 25वीं बरसी पर न्यूयॉर्क, पेंटागन और पेंसिल्वेनिया के शैंक्सविल समेत कई स्थानों पर स्मरण कार्यक्रम आयोजित किए।


न्यूयॉर्क के Ground Zero समारोह में मृतकों के परिजनों ने उनके नाम पढ़े। कार्यक्रम की शुरुआत उस समय मौन रखकर हुई, जब 2001 में अमेरिकन एयरलाइंस की फ्लाइट 11 ने वर्ल्ड ट्रेड सेंटर के नॉर्थ टावर से टक्कर की थी।


इस बार 9/11 से जुड़ी बीमारियों के कारण बाद में जान गंवाने वाले लोगों को याद करने के लिए एक अतिरिक्त मौन भी रखा गया।


समारोह में ममदानी की मौजूदगी क्यों चर्चा में रही


ज़ोहरान ममदानी न्यूयॉर्क शहर के पहले मुस्लिम मेयर हैं। उनकी मौजूदगी को लेकर समारोह से पहले राजनीतिक और सामाजिक बहस तेज हो गई थी। कुछ रिपब्लिकन नेताओं, 9/11 पीड़ित परिवारों से जुड़े लोगों और पूर्व अधिकारियों ने उनके समारोह में शामिल होने पर आपत्ति जताई थी।


रूडी जूलियानी ने भी सार्वजनिक रूप से ममदानी से समारोह में शामिल न होने की अपील की थी। जूलियानी 1994 से 2001 तक न्यूयॉर्क के मेयर रहे और 9/11 हमलों के समय शहर के प्रशासन का नेतृत्व कर रहे थे।


ममदानी ने इस आलोचना का जवाब राजनीतिक बहस को आगे बढ़ाकर नहीं दिया। उन्होंने समारोह को पीड़ित परिवारों, पहली प्रतिक्रिया देने वाले कर्मियों और 9/11 से प्रभावित लोगों पर केंद्रित रखने की बात कही।


जूलियानी और ममदानी की मुलाकात


समारोह के दौरान ममदानी और जूलियानी की मुलाकात हुई। दोनों ने हाथ मिलाया और कुछ देर बातचीत की। न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक जूलियानी की ओर से कहा गया कि वह ममदानी के लिए प्रार्थना कर रहे हैं और मेयर का पद कठिन जिम्मेदारी है।


मुलाकात के बाद ममदानी ने बातचीत का विस्तृत ब्यौरा देने से परहेज किया। उन्होंने कहा कि दोनों ने शिष्टाचार के तौर पर बातचीत की और उनका ध्यान 9/11 पीड़ित परिवारों, पहली प्रतिक्रिया देने वालों और मृतकों की याद पर होना चाहिए।


यह मुलाकात इसलिए भी अहम रही क्योंकि कुछ दिन पहले जूलियानी ने ममदानी की मौजूदगी पर तीखी आपत्ति जताई थी।


ममदानी का संदेश क्या था


समारोह से पहले जारी अपने संदेश में ममदानी ने 9/11 को न्यूयॉर्क के इतिहास का बेहद भयावह दिन बताया। उन्होंने हमले में मारे गए लोगों के साथ उन हजारों लोगों को भी याद किया, जो बाद के वर्षों में विषैले मलबे और धूल के संपर्क से जुड़ी बीमारियों से प्रभावित हुए।


ममदानी ने पहली प्रतिक्रिया देने वाले कर्मियों और उन न्यूयॉर्कवासियों का भी जिक्र किया जिन्होंने हमलों के दौरान और उसके बाद दूसरों की मदद की।

उनका संदेश इस बात पर केंद्रित रहा कि 9/11 की स्मृति को पीड़ित परिवारों और मानवीय एकजुटता के नजरिए से देखा जाए।


समारोह में कौन-कौन पहुंचा


Ground Zero पर आयोजित 25वीं बरसी के समारोह में अमेरिकी राजनीतिक व्यवस्था की कई पीढ़ियां एक साथ दिखाई दीं। उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के साथ पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन, जॉर्ज डब्ल्यू बुश, बराक ओबामा और जो बाइडन भी मौजूद रहे।


पूर्व न्यूयॉर्क मेयर माइकल ब्लूमबर्ग, बिल डी ब्लासियो और रूडी जूलियानी समेत कई प्रमुख हस्तियां भी समारोह में शामिल हुईं।


राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने न्यूयॉर्क के समारोह के बजाय पेंटागन में 9/11 की बरसी से जुड़े कार्यक्रम में हिस्सा लिया।


9/11 की विरासत और मुस्लिम समुदाय


25 साल बाद भी 9/11 का असर अमेरिकी समाज और राजनीति में दिखाई देता है। हमलों के बाद अमेरिका में आतंकवाद विरोधी अभियान तेज हुआ और अफगानिस्तान तथा इराक में लंबे सैन्य अभियान शुरू हुए। इसके साथ मुस्लिम अमेरिकियों और मुस्लिम बहुल देशों से आने वाले लोगों के खिलाफ पूर्वाग्रह और नफरत की घटनाओं को लेकर भी लंबे समय तक चिंता बनी रही।


ममदानी की मौजूदगी इसी व्यापक सामाजिक संदर्भ में भी देखी गई। एक मुस्लिम मेयर के रूप में उनका Ground Zero समारोह में शामिल होना अमेरिकी राजनीति और न्यूयॉर्क के बदलते सामाजिक स्वरूप का भी संकेत देता है।


हालांकि, ममदानी की मौजूदगी को लेकर हुई आलोचना और जूलियानी के बयानों को रिपोर्ट करते समय आरोपों तथा राजनीतिक राय के बीच अंतर बनाए रखना जरूरी है। किसी व्यक्ति के धार्मिक विश्वास को 9/11 हमलों के लिए जिम्मेदार आतंकवादी संगठनों की विचारधारा के बराबर रखना तथ्यात्मक रूप से उचित नहीं है।


9/11 के बाद भी जारी स्वास्थ्य संकट


9/11 का असर केवल 11 सितंबर 2001 तक सीमित नहीं रहा। Ground Zero पर बचाव, राहत और सफाई अभियान में शामिल कई लोगों को बाद के वर्षों में गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ा।


रिपोर्ट के मुताबिक न्यूयॉर्क अग्निशमन विभाग के 343 सदस्य 9/11 हमलों में मारे गए थे। इसके बाद 600 से अधिक अन्य अग्निशमन कर्मियों की 9/11 से जुड़ी बीमारियों के कारण मौत होने की जानकारी विभाग के आंकड़ों में दर्ज है।


इसी वजह से 25वीं बरसी का समारोह केवल 2001 में मारे गए लोगों की याद तक सीमित नहीं रहा। इसमें बाद के वर्षों में प्रभावित हुए बचावकर्मियों, श्रमिकों और अन्य लोगों की विरासत को भी जगह मिली।


Ground Zero पर राजनीतिक संदेश से ज्यादा स्मृति पर जोर


ममदानी के सामने इस समारोह में एक संवेदनशील राजनीतिक चुनौती थी। एक तरफ उनके खिलाफ सार्वजनिक आलोचना थी। दूसरी तरफ न्यूयॉर्क के मेयर के रूप में 9/11 की स्मृति में शामिल होना उनके सार्वजनिक दायित्व का हिस्सा था।


उन्होंने समारोह को राजनीतिक टकराव का मंच बनाने के बजाय पीड़ित परिवारों और पहली प्रतिक्रिया देने वाले कर्मियों पर केंद्रित रखा। जूलियानी के साथ उनकी संक्षिप्त मुलाकात भी इसी दौरान हुई।


Ground Zero पर दोनों की हाथ मिलाते हुए तस्वीर ने उस दिन के राजनीतिक विवाद को एक अलग दृश्य में बदल दिया। हालांकि, इससे दोनों नेताओं के बीच मौजूद राजनीतिक मतभेद खत्म होने का निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा।


आगे इसका क्या असर हो सकता है


ममदानी की Ground Zero मौजूदगी न्यूयॉर्क की राजनीति में चर्चा का विषय बनी रह सकती है। खासकर इसलिए क्योंकि 9/11 की स्मृति अमेरिकी राजनीति में अब भी बेहद संवेदनशील मुद्दा है।


लेकिन समारोह का मूल उद्देश्य राजनीतिक विवाद से अलग था। पीड़ित परिवारों के लिए 25वीं बरसी अपने प्रियजनों को याद करने, उनके नाम सुनने और लंबे समय से जारी स्वास्थ्य तथा न्याय संबंधी मुद्दों को सामने रखने का अवसर थी।


ममदानी और जूलियानी की मुलाकात इसी व्यापक माहौल में हुई। दोनों नेताओं के बीच संक्षिप्त अभिवादन ने दिन के राजनीतिक तनाव को पूरी तरह समाप्त नहीं किया, लेकिन यह जरूर दिखाया कि एक बेहद संवेदनशील राष्ट्रीय स्मृति के मौके पर व्यक्तिगत शिष्टाचार के लिए भी जगह बनी रही।


निष्कर्ष


9/11 की 25वीं बरसी पर Ground Zero में ज़ोहरान ममदानी की मौजूदगी अमेरिकी समाज में आए बदलाव और न्यूयॉर्क की मौजूदा राजनीतिक तस्वीर दोनों को सामने लाती है। समारोह से पहले उनके खिलाफ विरोध हुआ, लेकिन वह कार्यक्रम में शामिल हुए और पीड़ित परिवारों तथा पहली प्रतिक्रिया देने वाले कर्मियों को केंद्र में रखा।


रूडी जूलियानी के साथ उनकी मुलाकात इस पूरे घटनाक्रम का सबसे चर्चित राजनीतिक दृश्य रही। दोनों ने हाथ मिलाया और संक्षिप्त बातचीत की।


25 साल बाद 9/11 की स्मृति अब भी अमेरिकी राजनीति, सुरक्षा नीति, सामाजिक रिश्तों और सार्वजनिक जीवन को प्रभावित करती है। Ground Zero पर इस वर्ष का समारोह इसी लंबी विरासत की एक और यादगार कड़ी बन गया।

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Harish Qureshi

Harish Qureshi

Shah Times Reporter

शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।

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