लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े हैरी बॉक्सर को अमेरिकी एजेंसी ICE ने कैलिफोर्निया में हिरासत में लिया। उसका नाम रोहित शेट्टी फायरिंग और बॉलीवुड को धमकियों से जुड़ा है।
📍 कैलिफोर्निया, अमेरिका
🗓️ 07 नवंबर 2026
✍️ Mohd Naved
अमेरिका में हैरी बॉक्सर पर कार्रवाई की खबर
लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े बताए जा रहे गैंगस्टर हैरी बॉक्सर को अमेरिका के कैलिफोर्निया में हिरासत में लिए जाने की खबर है। 07 नवंबर 2026 को प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट यानी ICE ने उसे हिरासत में लिया है।
इंडिया टुडे की रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि हैरी बॉक्सर अमेरिका में रहकर लॉरेंस बिश्नोई गैंग की गतिविधियों को संचालित कर रहा था। उसके खिलाफ हत्या और रंगदारी समेत कई आपराधिक मामलों में संलिप्तता के आरोप बताए गए हैं। हालांकि, उसकी हिरासत को लेकर अमेरिकी एजेंसी की ओर से कोई विस्तृत आधिकारिक सार्वजनिक बयान इस रिपोर्ट में उपलब्ध नहीं है।
रोहित शेट्टी के घर के बाहर हुई थी फायरिंग
इस मामले का सबसे अहम पहलू बॉलीवुड निर्देशक रोहित शेट्टी के मुंबई स्थित आवास के बाहर हुई गोलीबारी है।
1 फरवरी 2026 की देर रात मुंबई के जुहू इलाके में स्थित शेट्टी टावर के बाहर हमलावर ने कई राउंड गोलियां चलाई थीं। घटना के समय रोहित शेट्टी अपने घर में मौजूद थे। राहत की बात यह रही कि गोलीबारी में किसी के घायल होने की खबर नहीं आई थी।
इस वारदात के बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आई थी। पोस्ट में शुभम लोनकर, आरजू बिश्नोई, हरि बॉक्सर और हरमन संधू के नाम से हमले की जिम्मेदारी लेने का दावा किया गया था।
पोस्ट में रोहित शेट्टी को धमकी भी दी गई थी। साथ ही आगे बड़ी वारदात को अंजाम देने की चेतावनी दी गई थी। हालांकि, सोशल मीडिया पर जिम्मेदारी लेने का दावा अपने आप में किसी व्यक्ति की आपराधिक भूमिका का अंतिम प्रमाण नहीं है।
मुंबई पुलिस ने कैसे की थी जांच?
फायरिंग की घटना के बाद मुंबई पुलिस और क्राइम ब्रांच ने जांच शुरू की थी। पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले।
जांच में सामने आए विवरण के मुताबिक, हमलावर बाइक से इलाके में पहुंचा था। इसके बाद वह पैदल शेट्टी टावर तक गया और गोलियां चलाकर फरार हो गया।
मुंबई पुलिस ने इस मामले में कई आरोपियों को गिरफ्तार भी किया था। जांच का एक अहम पहलू यह था कि वारदात को अंजाम देने वाले स्थानीय हमलावरों और विदेश में बैठकर कथित तौर पर निर्देश देने वाले लोगों के बीच क्या संबंध था।
यही वजह है कि हैरी बॉक्सर का नाम इस प्रकरण में सामने आने के बाद जांच का दायरा अंतरराष्ट्रीय गैंग नेटवर्क तक पहुंचा।
रणवीर सिंह और बॉलीवुड को भी मिली थी धमकी
रोहित शेट्टी के घर पर फायरिंग के बाद बॉलीवुड की सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठे थे।
फरवरी 2026 में रोहित शेट्टी और अभिनेता रणवीर सिंह को धमकी भरे ऑडियो संदेश भेजे जाने की खबर सामने आई थी। इन संदेशों में गंभीर अंजाम भुगतने की चेतावनी दी गई थी।
संदेश भेजने वाले ने खुद को हैरी बॉक्सर बताया था। मुंबई पुलिस इन ऑडियो संदेशों की जांच कर रही थी। जांच का एक महत्वपूर्ण पहलू आवाज की वास्तविकता भी था। पुलिस यह पता लगाने में जुटी थी कि ऑडियो में आवाज संबंधित व्यक्ति की थी या तकनीक के जरिये तैयार की गई थी।
इस तरह मामला केवल एक फायरिंग की वारदात तक सीमित नहीं रहा। रंगदारी, धमकी और फिल्मी हस्तियों की सुरक्षा से जुड़े सवाल भी जांच के केंद्र में आए।
कौन है हैरी बॉक्सर?
मीडिया रिपोर्टों में हैरी बॉक्सर की पहचान हरि चंद जाट के रूप में बताई गई है। उसे लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा एक कथित सक्रिय सदस्य बताया जाता रहा है।
उसका नाम भारत और विदेश में सामने आए कई आपराधिक मामलों और कथित रंगदारी नेटवर्क से जोड़ा गया है। जून 2026 में प्रकाशित एक विस्तृत रिपोर्ट में सुरक्षा एजेंसियों के हवाले से उसे विदेश से गैंग की गतिविधियां संचालित करने वाले अहम चेहरों में शामिल बताया गया था।
कनाडा की सीमा सुरक्षा एजेंसी से संबंधित दिसंबर 2025 की एक खुफिया रिपोर्ट के बारे में अगस्त 2026 में प्रकाशित रिपोर्ट में भी हैरी बॉक्सर का जिक्र हुआ था। उसमें उसे बिश्नोई गैंग का अहम सदस्य बताया गया और कनाडा में रंगदारी के आरोपों से जोड़ा गया था।
इन तमाम मामलों में आरोपों और न्यायिक रूप से साबित अपराधों के बीच अंतर बनाए रखना जरूरी है।
अमेरिका में गैंग नेटवर्क पर बढ़ती कार्रवाई
भारत से जुड़े कथित संगठित अपराध नेटवर्क को लेकर अमेरिकी एजेंसियों की कार्रवाई पहले भी सामने आती रही है।
7 जुलाई 2026 को अमेरिकी न्याय विभाग ने भारत से जुड़े अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध समूहों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की जानकारी दी थी। अमेरिकी न्याय विभाग के मुताबिक, अमेरिका, कनाडा और यूरोप में 24 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। इनमें 11 आरोपी कैलिफोर्निया से थे।
इस कार्रवाई में लॉरेंस बिश्नोई से जुड़े कथित आपराधिक नेटवर्क का भी उल्लेख किया गया था। अमेरिकी अभियोजन पक्ष ने नेटवर्क पर हत्या, रंगदारी, अपहरण, हथियारों और मादक पदार्थों की तस्करी जैसे गंभीर अपराधों के आरोप लगाए थे।
हालांकि, इस कार्रवाई और 07 नवंबर को हैरी बॉक्सर की बताई जा रही हिरासत के बीच सीधा संबंध स्थापित करने वाला कोई आधिकारिक दस्तावेज फिलहाल उपलब्ध नहीं है।
हिमांशु भाऊ और नीरज फरीदपुरिया का भी जिक्र
हैरी बॉक्सर की हिरासत से जुड़ी 07 नवंबर की रिपोर्ट में हिमांशु भाऊ और नीरज फरीदपुरिया का भी उल्लेख किया गया है।
रिपोर्ट के मुताबिक, इन दोनों को भी इससे पहले अमेरिका में हिरासत में लिया गया था। भारत में कई आपराधिक मामलों में वांछित बताए जाने वाले इन गैंगस्टरों पर भी विदेश में रहकर आपराधिक गतिविधियां संचालित करने के आरोप रहे हैं।
यह घटनाक्रम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सक्रिय कथित आपराधिक नेटवर्क के खिलाफ पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों के बीच सहयोग के महत्व को सामने लाता है।
हिरासत के बाद अब क्या होगा?
हैरी बॉक्सर की हिरासत की खबर सामने आने के बाद सबसे बड़ा सवाल उसके कानूनी स्टेटस और भारत में दर्ज मामलों को लेकर है।
अमेरिका में किसी व्यक्ति को ICE द्वारा हिरासत में लिया जाना अपने आप में भारत प्रत्यर्पण का आदेश नहीं होता। हिरासत के बाद इमिग्रेशन प्रक्रिया, कानूनी सुनवाई और संबंधित देशों के बीच आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रिया अहम होती है।
यदि भारत की जांच एजेंसियां उसके खिलाफ दर्ज मामलों में उसे वापस लाने की मांग करती हैं, तो संबंधित कानूनी और कूटनीतिक प्रक्रिया अपनानी होगी।
फिलहाल सार्वजनिक रूप से उपलब्ध जानकारी से यह स्पष्ट नहीं है कि हैरी बॉक्सर को भारत भेजने की प्रक्रिया शुरू हुई है या नहीं। उसकी हिरासत का आधार, वर्तमान कानूनी स्थिति और आगे की कार्रवाई से जुड़े विवरण भी सामने आने बाकी हैं।
गैंगस्टर नेटवर्क और बॉलीवुड की सुरक्षा का सवाल
रोहित शेट्टी के घर के बाहर हुई फायरिंग और फिल्मी हस्तियों को भेजे गए धमकी भरे संदेशों ने एक बार फिर संगठित अपराध के बदलते स्वरूप पर बहस तेज की है।
अब अपराध की साजिश में स्थानीय हमलावरों, सोशल मीडिया अकाउंट, डिजिटल ऑडियो संदेशों और विदेश में मौजूद कथित नेटवर्क की भूमिका की जांच भी अहम हो गई है।
जांच एजेंसियों के सामने चुनौती केवल वारदात को अंजाम देने वालों तक पहुंचने की नहीं है। उन्हें यह भी पता लगाना होता है कि निर्देश कहां से आए, आर्थिक लेनदेन किस तरह हुआ और स्थानीय स्तर पर मदद करने वाले लोग कौन थे।
हैरी बॉक्सर की हिरासत की खबर इसी व्यापक जांच के संदर्भ में महत्वपूर्ण है। लेकिन इस मामले में अंतिम निष्कर्ष जांच एजेंसियों के आधिकारिक दस्तावेजों और अदालत में पेश साक्ष्यों के आधार पर ही निकाला जाना चाहिए।