बुधवार, 22 July 2026
GOLD ₹0 ▼ 0%
SENSEX 0 ▼ 0%
BITCOIN $0 ▼ 0%
38°C मुजफ्फरनगर
EDITION:
BREAKING
#ShahTimes #Muzaffarnagar #Bijnor #Moradabad #BreakingNews #Politics #Education #Crime #Sports #Business
SmarterASP.NET Hosting
Crime

भोपा ATM धोखाधड़ी गिरोह का पर्दाफाश, 4 आरोपी गिरफ्तार

Wasi Siddiqui 2026-07-22 17:25:04
भोपा ATM धोखाधड़ी गिरोह का पर्दाफाश, 4 आरोपी गिरफ्तार

मुजफ्फरनगर की भोपा पुलिस ने एटीएम मशीन में तकनीकी अवरोध उत्पन्न कर बैंक और ग्राहकों से कथित धोखाधड़ी करने वाले चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार गिरोह एटीएम कार्ड, पिन और कैश डिस्पेंसर स्लॉट के साथ छेड़छाड़ कर बैंक से दोहरी राशि हासिल करने की कोशिश करता था। मामले में आईटी एक्ट और बीएनएस की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।


📍 मुजफ्फरनगर

📰 22 जुलाई 2026

✍️ वसी सिद्दीकी


ATM धोखाधड़ी गिरोह का पर्दाफाश, भोपा पुलिस की बड़ी कार्रवाई


मुजफ्फरनगर जनपद के थाना भोपा क्षेत्र में पुलिस ने एटीएम मशीनों के जरिए कथित धोखाधड़ी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके कब्जे से 30 विभिन्न बैंकों के एटीएम कार्ड, ₹40 हजार नकद और एक हुंडई वेन्यू कार बरामद हुई है।


पुलिस का कहना है कि यह गिरोह एटीएम मशीनों में तकनीकी अवरोध उत्पन्न कर बैंकिंग प्रणाली का कथित दुरुपयोग करता था। इस कार्रवाई को साइबर एवं वित्तीय अपराधों के विरुद्ध जिले की महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। हालांकि आरोपियों के विरुद्ध लगाए गए आरोपों का अंतिम परीक्षण न्यायालय में होगा।


पुलिस को कैसे मिली सफलता


पुलिस के अनुसार मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक संगठित गिरोह भोपा क्षेत्र में सक्रिय है और एटीएम से जुड़ी धोखाधड़ी की नई वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। सूचना के आधार पर कस्बा भोपा में चेकिंग अभियान चलाया गया।


चेकिंग के दौरान संदिग्ध हुंडई वेन्यू कार को रोककर तलाशी ली गई। पुलिस के मुताबिक वाहन से नकदी और बड़ी संख्या में एटीएम कार्ड बरामद होने के बाद चारों व्यक्तियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई तथा बाद में गिरफ्तार कर लिया गया। तौर पर कैसे करता था गिरोह काम


पुलिस के अनुसार प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे लोगों का विश्वास जीतकर उनके एटीएम कार्ड और पिन प्राप्त करते थे। इसके बाद एटीएम मशीन से नकदी निकालते समय कैश डिस्पेंसर स्लॉट को किसी कठोर वस्तु से आंशिक रूप से अवरुद्ध कर देते थे।


पुलिस का दावा है कि इसके बाद बैंक के टोल-फ्री नंबर पर शिकायत दर्ज कराई जाती थी कि नकदी प्राप्त नहीं हुई। बैंकिंग प्रक्रिया के तहत राशि खाते में वापस आने के बाद मशीन में फंसी नकदी भी हासिल कर ली जाती थी। इस तरह कथित तौर पर एक ही लेन-देन से दोहरा आर्थिक लाभ लेने की कोशिश की जाती थी।


बैंकिंग सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौती


डिजिटल बैंकिंग के विस्तार के साथ एटीएम फ्रॉड के तरीके भी लगातार बदल रहे हैं। पहले कार्ड क्लोनिंग, स्किमिंग और फिशिंग जैसी घटनाएं सामने आती थीं, जबकि अब मशीन में भौतिक छेड़छाड़ और फर्जी शिकायतों के जरिए धोखाधड़ी की कोशिशें भी जांच एजेंसियों के सामने चुनौती बन रही हैं।


ऐसे मामलों में बैंकों की निगरानी प्रणाली, सीसीटीवी रिकॉर्डिंग और ट्रांजैक्शन लॉग महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। यही कारण है कि प्रत्येक संदिग्ध लेन-देन की तकनीकी जांच आवश्यक मानी जाती है।

अंतरराज्यीय कनेक्शन की जांच


गिरफ्तार आरोपियों में उत्तर प्रदेश और राजस्थान के निवासी शामिल हैं। इससे यह आशंका भी जताई जा रही है कि गिरोह विभिन्न राज्यों में सक्रिय हो सकता है। हालांकि पुलिस ने अभी तक किसी बड़े नेटवर्क की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।


जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि बरामद 30 एटीएम कार्ड किन लोगों के हैं, उनका उपयोग किन-किन स्थानों पर हुआ और क्या अन्य जिलों या राज्यों में भी इसी प्रकार की घटनाओं से इनका संबंध है।


बरामदगी और दर्ज मुकदमा


पुलिस के अनुसार आरोपियों के कब्जे से ₹40,000 नकद, 30 एटीएम कार्ड तथा एक हुंडई वेन्यू कार बरामद की गई है। मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं तथा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धाराओं 66C और 66D के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया है।


जनता के लिए क्या सबक


विशेषज्ञों का मानना है कि एटीएम का उपयोग करते समय मशीन के कैश स्लॉट और कार्ड स्लॉट पर विशेष ध्यान देना चाहिए। यदि मशीन असामान्य प्रतीत हो, नकदी फंस जाए या कोई संदिग्ध व्यक्ति आसपास दिखाई दे तो तुरंत बैंक और स्थानीय पुलिस को सूचना देनी चाहिए।


इसके अलावा किसी भी व्यक्ति के साथ अपना एटीएम कार्ड, पिन या ओटीपी साझा नहीं करना चाहिए। डिजिटल बैंकिंग में छोटी सी लापरवाही भी आर्थिक नुकसान का कारण बन सकती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

भोपा पुलिस की यह कार्रवाई वित्तीय अपराधों के विरुद्ध महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हालांकि आरोपियों पर लगे सभी आरोप अभी जांच और न्यायिक प्रक्रिया के अधीन हैं। आने वाले दिनों में पुलिस की विवेचना और तकनीकी जांच से यह स्पष्ट होगा कि गिरोह का नेटवर्क कितना व्यापक था और कितने लोग इसकी कथित धोखाधड़ी का शिकार हुए

वीडियो देखें

ADVERTISEMENT
Wasi Siddiqui

Wasi Siddiqui

Shah Times Reporter

शाह टाइम्स के वरिष्ठ संवाददाता। स्थानीय, राजनीतिक, अपराध, शिक्षा एवं सामाजिक विषयों पर नियमित रिपोर्टिंग।

BREAKING NEWS

संबंधित खबरें

मुजफ्फरनगर मारपीट मामला, युवती बोली, 'हिंदू होकर मुसलमान संग घूमती हो', युवक पर हमला

2026-07-13 15:15:04

दूल्हे की शराब और बुलेट मांग से टूटी शादी, दुल्हन ने किया शादी से इनकार

2026-07-07 11:09:11

मंसूरपुर लूटकांड का 24 घंटे में खुलासा, तीन आरोपी गिरफ्तार

2026-07-07 10:35:25

मुजफ्फरनगर में नशीले कैप्सूल का बड़ा जाल बेनकाब, 6 गिरफ्तार

2026-07-07 10:20:04

मुजफ्फरनगर में 150 पेटी अवैध शराब बरामद, हरियाणा से उत्तराखंड जा रही खेप पकड़ी

2026-07-04 10:42:46

हज-उमरा के नाम पर साइबर ठगी का भंडाफोड़, 46 लाख रुपये की धोखाधड़ी का आरोपी गिरफ्तार

2026-06-25 03:19:35

मुजफ्फरनगर जनसुनवाई: एसएसपी ने सुनीं शिकायतें, त्वरित निस्तारण के निर्देश

2026-06-22 10:50:53

मुजफ्फरनगर में अवैध संबंधों के शक में हत्या, मुठभेड़ में मुख्य आरोपी गिरफ्तार

2026-06-22 10:15:46

TRENDING

ताज़ा ख़बरें
BREAKING NEWS
ADVERTISEMENT

Your Ad Here
TRENDING
आज का ई-पेपर
मुजफ्फरनगर (12 पेज)
बिजनौर (10 पेज)
सहारनपुर (11 पेज)
मुरादाबाद (14 पेज)
Home Video Epaper Reel Menu
Chat With Us
SHAH TIMES
ख़बरें छुपाता नहीं, छापता है
🏠 होम ⚡ ब्रेकिंग न्यूज़ 📰 ताज़ा खबरें 🇮🇳 देश 🌍 दुनिया 🏛 राजनीति 🚔 क्राइम 📈 बिजनेस 🏏 स्पोर्ट्स 🎓 शिक्षा ❤️ स्वास्थ्य 📰 ई-पेपर